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मां से आखिरी बातचीत बनी याद…हरदोई में सिपाही की नहर में डूबकर मौत, 19 घंटे बाद मिला शव

हरदोई में ट्रेनिंग कर रहे सिपाही गौरव कुमार की शारदा नहर में डूबने से मौत हो गई। मां से आखिरी बातचीत के कुछ घंटों बाद हादसा हुआ। 19 घंटे के रेस्क्यू के बाद शव मिला।

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रेस्क्यू ऑपरेशन का निरीक्षण करते अधिकारी फोटो सोर्स पुलिस ट्विटर अकाउंट

रेस्क्यू ऑपरेशन का निरीक्षण करते अधिकारी फोटो सोर्स पुलिस ट्विटर अकाउंट

हरदोई जिले में एक दर्दनाक घटना सामने आई है। जहां ट्रेनिंग कर रहे एक भर्ती सिपाही की शारदा नहर में डूबने से मौत हो गई। टड़ियावां थाना क्षेत्र के रसूलापुर के पास करीब 19 घंटे तक चले रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद उसका शव बरामद किया गया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस, गोताखोर और एसडीआरएफ टीम मौके पर पहुंच गई थी। लेकिन कड़ी मशक्कत के बाद भी उसे बचाया नहीं जा सका।

हरदोई जिले के टड़ियावां थाना क्षेत्र में शारदा नहर के पास एक भर्ती सिपाही की डूबने से मौत हो गई। यह घटना रसूलापुर इलाके की है। जहां सूचना मिलते ही पुलिस, स्थानीय गोताखोरों और एसडीआरएफ की टीम ने तुरंत रेस्क्यू अभियान शुरू कर दिया। करीब 19 घंटे तक लगातार खोजबीन चलती रही, जिसके बाद आखिरकार सिपाही का शव नहर से बाहर निकाला जा सका।

मां से आखरी बार हुई बात, घटना के कुछ घंटे पहले लिया था हाल-चाल

मृतक की पहचान औरैया जिले के सतेश्वर मोहल्ला के रहने वाले गौरव कुमार के रूप में हुई है। गौरव वर्ष 2023 बैच में सिपाही पद पर चयनित हुआ था और 17 जून 2025 से हरदोई पुलिस लाइन में प्रशिक्षण ले रहा था। घटना वाले दिन उसने अपनी मां से फोन पर बात कर हालचाल लिया था। लेकिन कुछ ही देर बाद उसके नहर में डूबने की खबर पुलिस के जरिए परिवार तक पहुंची। यह सूचना मिलते ही घर में कोहराम मच गया। और परिजन तुरंत हरदोई के लिए रवाना हो गए।

20 अप्रैल को होनी थी फाइनल परेड, उससे पहले आ गया मौत का पैगाम

शव मिलने के बाद पुलिस ने पंचनामा भरकर उसे पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट आने के बाद ही आगे की कार्रवाई की जाएगी। शव परिजनों को सौंप दिया जाएगा। परिवार के अनुसार गौरव तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था। उसकी अभी शादी नहीं हुई थी। बड़ा भाई सेना में तैनात है। जबकि छोटा भाई पढ़ाई पूरी कर चुका है। पिता मेहनत मजदूरी कर परिवार का पालन-पोषण करते हैं। उनकी मेहनत से ही बच्चों की पढ़ाई पूरी हो पाई। बताया जा रहा है कि जिस बैच में गौरव ट्रेनिंग कर रहा था। उसकी फाइनल परेड 20 अप्रैल 2026 को होने वाली थी। इससे पहले ही यह हादसा हो गया। जिससे पूरे परिवार और पुलिस विभाग में शोक का माहौल है।