
हड्डी के कैंसर के जोखिम कारक | हड्डी के कैंसर का ज्यादा खतरा किसे होता है? (photo- freepik)
Bone Cancer Risk Factors: जब भी हड्डियों में दर्द होता है, ज्यादातर लोग इसे कैल्शियम की कमी, उम्र या पुरानी चोट का असर मानकर नजरअंदाज कर देते हैं। लेकिन कुछ मामलों में लगातार रहने वाला दर्द किसी गंभीर बीमारी का संकेत भी हो सकता है। हालांकि Bone Cancer (हड्डियों का कैंसर) एक दुर्लभ बीमारी है, फिर भी इसके जोखिम कारकों (Risk Factors) के बारे में जानकारी होना जरूरी है, खासकर उन लोगों के लिए जिनमें इसका खतरा मुकाबले ज्यादा हो सकता है।
American Cancer Society (ACS) और National Cancer Institute (NCI) के अनुसार, Bone Cancer के ज्यादातर मामलों का सटीक कारण पता नहीं होता, लेकिन कुछ स्थितियां ऐसी हैं जो इसके जोखिम को बढ़ा सकती हैं।
अगर परिवार में किसी करीबी सदस्य को Bone Cancer या कुछ दुर्लभ आनुवंशिक (Genetic) सिंड्रोम रहे हैं, तो जोखिम सामान्य लोगों की तुलना में थोड़ा बढ़ सकता है। हालांकि इसका मतलब यह नहीं कि हर व्यक्ति को यह बीमारी होगी।
ACS के अनुसार, जिन लोगों ने किसी दूसरे कैंसर के इलाज के लिए उच्च मात्रा में Radiation Therapy ली है, उनमें कई साल बाद Bone Cancer का खतरा बढ़ सकता है। यह जोखिम आम लोगों में बहुत कम होता है, लेकिन डॉक्टर ऐसे मरीजों की नियमित निगरानी की सलाह देते हैं।
राष्ट्रीय कैंसर संस्थान का कहना है कि ली-फ्रामेनी सिंड्रोम, वंशानुगत रेटिनोब्लास्टोमा जैसे दुर्लभ आनुवंशिक हड्डी का कैंसर के खतरे को बढ़ा सकती हैं। ये स्थितियां जन्म से जुड़ी होती हैं और सभी लोगों में नहीं पाई जातीं।
उम्र बढ़ने के साथ कुछ लोगों में हड्डी का पैजेट रोग नाम की बीमारी हो सकती है, जिसमें हड्डियां सामान्य तरीके से विकसित नहीं होतीं। ACS के मुताबिक, बहुत कम मामलों में यह आगे चलकर Bone Cancer से जुड़ सकती है।
NCI के अनुसार, ओस्टियोसारकोमा और इविंग सारकोमा जैसे कुछ हड्डी का कैंसर बच्चों, किशोरों और युवा वयस्कों में अधिक देखे जाते हैं। इसका मतलब यह नहीं कि हर बढ़ते बच्चे को खतरा है, बल्कि ये कैंसर इसी आयु वर्ग में अपेक्षाकृत ज्यादा पाए जाते हैं।
कई हफ्तों तक लगातार हड्डियों में दर्द रहे, दर्द रात में ज्यादा बढ़े, किसी हड्डी के आसपास सूजन या गांठ महसूस हो, मामूली चोट में हड्डी टूट जाए, या बिना वजह लगातार दर्द बना रहे, तो केवल दर्द की दवा लेने के बजाय डॉक्टर से जांच कराना बेहतर है। ये लक्षण कई अन्य कारणों से भी हो सकते हैं, इसलिए घबराने की जरूरत नहीं है, लेकिन सही समय पर जांच जरूरी है।
American Cancer Society का कहना है कि Bone Cancer एक दुर्लभ बीमारी है और इसके अधिकांश मामलों को रोका नहीं जा सकता क्योंकि कई Risk Factors व्यक्ति के नियंत्रण में नहीं होते। वहीं National Cancer Institute के अनुसार, जोखिम कारकों की जानकारी होने से बीमारी की जल्द पहचान और समय पर इलाज में मदद मिल सकती है। अगर लंबे समय तक हड्डियों का दर्द बना रहे या ऊपर बताए गए संकेत दिखाई दें, तो स्वयं अनुमान लगाने के बजाय ऑर्थोपेडिक विशेषज्ञ या ऑन्कोलॉजिस्ट से सलाह लेना सबसे सुरक्षित कदम है।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।
Updated on:
07 Jul 2026 12:27 pm
Published on:
07 Jul 2026 12:27 pm
