15 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Diabetes During Pregnancy: 6 गर्भवती में से एक प्रभावित, जानिए WHO की प्रेग्नेंसी डायबिटीज गाइडलाइन क्या कहती है

Diabetes During Pregnancy: गर्भावस्था के दौरान डायबिटीज आज एक बड़ी स्वास्थ्य चुनौती बन चुकी है। दुनिया भर में हर 6 में से 1 गर्भवती महिला इससे प्रभावित होती है। वर्ल्ड डायबिटीज डे पर WHO ने प्रेगनेंसी डायबिटीज गाइडलाइन जारी की है। यहाँ जानें इसकी मुख्य बातें।

2 min read
Google source verification

भारत

image

MEGHA ROY

Nov 15, 2025

Pregnancy Diabetes Symptoms, Gestational Diabetes Treatment, गर्भवती महिलाओं की सेहत, Pregnancy Nutrition Diabetes, Sugar Level in Pregnancy,

WHO Diabetes Recommendations|फोटो सोर्स –Patrika.com

Diabetes During Pregnancy: गर्भावस्था में डायबिटीज के मामले लगातार बढ़ रहे हैं, और हर छह में से एक महिला इस समस्या से गुजर रही है। इसी गंभीर स्थिति को देखते हुए, वर्ल्ड डायबिटीज डे पर WHO ने पहली बार गर्भकालीन डायबिटीज के लिए अंतरराष्ट्रीय गाइडलाइन जारी की। इन सिफारिशों का मकसद शुगर लेवल को प्रभावी तरीके से नियंत्रित करना, जटिलताओं को रोकना और माँ व बच्चे दोनों की सेहत को सुरक्षित रखना है। नई गाइडलाइन में जांच से लेकर खान-पान, दवाइयों और जरूरी देखभाल तक सब कुछ स्पष्ट रूप से बताया गया है, जिससे गर्भवती महिलाएं पूरी प्रेगनेंसी के दौरान बेहतर स्वास्थ्य बनाए रख सकें।

WHO ने पहली बार “प्रेगनेंसी डायबिटीज” के लिए स्पष्ट गाइडलाइन जारी की

इसी बढ़ते खतरे को देखते हुए WHO ने पहली बार “प्रेगनेंसी डायबिटीज” के लिए अलग और स्पष्ट गाइडलाइन जारी की है। WHO प्रमुख डॉ. टेड्रोस के अनुसार, “ये गाइडलाइन महिलाओं की वास्तविक स्वास्थ्य जरूरतों को ध्यान में रखकर बनाई गई हैं ताकि हर देश में हर महिला को सुरक्षित और गुणवत्तापूर्ण देखभाल मिल सके।”

नई WHO गाइडलाइन की अहम बातें

  • व्यक्तिगत देखभाल पर जोरहर महिला की स्थिति को देखते हुए उसका भोजन, शारीरिक गतिविधि और ब्लड शुगर के लक्ष्य तय किए जाएं, ताकि इलाज ज्यादा प्रभावी हो सके।
  • नियमित मॉनिटरिंग जरूरीगर्भवती महिलाओं को ब्लड शुगर की बार-बार जांच करनी चाहिए चाहे क्लिनिक में हों या घर पर। इससे अचानक बढ़ते या घटते स्तर को समय पर नियंत्रित किया जा सकता है।
  • दवाओं का उचित चयनटाइप 1, टाइप 2 और गर्भकालीन डायबिटीज के लिए अलग-अलग दवाओं और उपचार विकल्पों के बारे में स्पष्ट दिशा दी गई है, ताकि सही समय पर सही इलाज मिल सके।
  • विशेषज्ञों की टीम से देखभालजिन महिलाओं को पहले से डायबिटीज है, उन्हें डॉक्टर, न्यूट्रीशन एक्सपर्ट और अन्य विशेषज्ञों की टीम के साथ मिलकर इलाज कराने की सलाह दी गई है, ताकि प्रेगनेंसी सुरक्षित रहे।

दुनिया में बढ़ती डायबिटीज का बोझ

आज डायबिटीज 800 मिलियन से ज्यादा लोगों को प्रभावित कर रही है। यह दिल की बीमारी, किडनी फेल होना, आंखों की रोशनी कमजोर होना और पैरों की जटिलताओं जैसी समस्याओं की मुख्य वजह है। सबसे ज्यादा असर कम और मध्यम आय वाले देशों में देखा जा रहा है, जहां अभी भी दवाओं और इलाज की सुविधाएं सीमित हैं।