
बच्चों को बुखार आए तो दो दिन देखें, फिर एंटीबायोटिक्स शुरू करें
सवाल-बच्चे को इन दिनों बुखार के साथ उल्टी दस्त भी हो रहे हैं। कोरोना का खतरा तो नहीं? अनेक महिला पाठक
जवाब-इस मौसम में छोटे बच्चों में बुखार और उल्टी दस्त की समस्या अधिक होती है। हर बुखार को कोरोना समझकर जांच करवाने की कोशिश न करें। बाहर ले जाने पर खतरा और बढ़ जाता है। बच्चे को बुखार आ रहा है तो दो दिन तक डॉक्टरी सलाह से केवल पैरासिटामॉल दें। अगर फिर भी बुखार नहीं उतर रहा है तो एंटीबायोटिक्स दें। अगर कोई संक्रमित मरीज से संपर्क या टे्रवल हिस्ट्री है तो ही कोरोना टेस्ट करवाएं। बासी और बाहरी खाना नहीं दें। डेयरी प्रॉडक्ट जल्दी खराब होते हैं, इसलिए ताजा ही दें।
सवाल-बच्चा एक वर्ष का हो गया, लेकिन अभी तक दांत नहीं निकले हैं। ऐसे क्यों होता है? सलाह दें- अनेक पाठक
जवाब-बच्चों के दांत छह माह की उम्र से निकलने लगते हैं। कुछ में आठवें या नौ महीने में भी निकलते हैं। इससे देरी होने पर उनमें विटामिन डी की कमी हो सकती है। इससे शिशु का विकास भी प्रभावित होता है। हड्डियां टेढ़ी हो सकती हैं। इम्युनिटी कम हो जाती है। इसलिए छह माह की उम्र से बच्चों को विटामिन डी का सप्लीमेंट देनी चाहिए। हो सके तो बच्चे को सुबह आधा घंटा धूप में जरूर बैठाएं या खेलने दें। साथ ही डेयरी प्रॉडक्ट भी ज्यादा दें।
डॉ. दीपक शिवपुरी एवं डॉ. शरद थोरा, वरिष्ठ शिशु एवं बाल रोग विशेषज्ञ
Published on:
24 Sept 2020 02:32 pm
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