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Alzheimer’s Prevention: अल्जाइमर में फायदेमंद हो सकता है योग, एम्स अध्ययन में याददाश्त और मानसिक स्वास्थ्य में सुधार के संकेत

Yoga Benefits for Memory: एम्स दिल्ली के नए अध्ययन में दावा किया गया है कि नियमित योग अल्जाइमर के शुरुआती मरीजों में याददाश्त, मानसिक क्षमता और मनोदशा सुधारने में मदद कर सकता है। जानिए शोध के प्रमुख निष्कर्ष।
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भारत

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Manoj Vashisth

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Updated: 21 Jun 2026, 4:59 PM IST

Yoga for Brain Health, Alzheimer's Disease

Alzheimers Prevention : योग से अल्जाइमर मरीजों की मानसिक क्षमता में सुधार, एम्स अध्ययन में दावा (फोटो सोर्स : AI@chatgpt)

Yoga and Alzheimer's Disease: अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के मौके पर आई एक नई भारतीय स्टडी ने योग के स्वास्थ्य लाभों को लेकर महत्वपूर्ण संकेत दिए हैं। एम्स (AIIMS) दिल्ली के शोधकर्ताओं द्वारा किए गए अध्ययन में पाया गया कि नियमित योग अल्जाइमर रोग (Alzheimer) के शुरुआती चरण के मरीजों में याददाश्त, सोचने-समझने की क्षमता और मानसिक स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मदद कर सकता है। शोध के अनुसार योग अवसाद के लक्षण कम करने के साथ आंतों में मौजूद लाभकारी बैक्टीरिया के संतुलन को भी सुधार सकता है।

योग से आंतों के बैक्टीरिया में बदलाव

एम्स, दिल्ली के शोधकर्ताओं के एक नए अध्ययन में यह सामने आया है योग आंतों में मौजूद लाभकारी बैक्टीरिया के संतुलन को आंशिक रूप से बहाल करने में सक्षम है। यह अध्ययन जून में जर्नल ऑफ अल्जाइमर्स डिजीज में प्रकाशित हुआ है। एम्स के एनाटॉमी और न्यूरोलॉजी विभाग के संयुक्त अध्ययन में पाया गया कि 12 सप्ताह तक नियमित रूप से योग करने वाले शुरुआती चरण के अल्जाइमर मरीजों में मानसिक क्षमता और मनोदशा में उल्लेखनीय सुधार देखा गया।

आंतों से हानिकारक बैक्टीरिया हुए कम

अध्ययन की प्रमुख शोधकर्ता और एम्स के एनाटॉमी विभाग की प्रोफेसर डॉ. रीमा दादा ने कहा कि योग के बाद लाभकारी बैक्टीरिया की संख्या बढ़ी और सूजन पैदा करने वाले हानिकारक बैक्टीरिया कम हुए। इससे संकेत मिलता है कि योग मस्तिष्क के स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में जैविक स्तर पर भी मदद कर सकता है।

सोचने-समझने की क्षमता में सुधार हुआ

एम्स के न्यूरोलॉजी विभाग की प्रमुख डॉ. मंजरी त्रिपाठी ने कहा कि योग को अल्जाइमर का इलाज नहीं माना जा सकता, लेकिन शुरुआती चरण के मरीजों और हल्की याददाश्त संबंधी समस्याओं वाले लोगों के लिए यह एक सहायक चिकित्सा के रूप में उपयोगी साबित हो सकता है। मरीजों की सोचने-समझने की क्षमता और मनोदशा में सुधार के साथ-साथ आंत और मस्तिष्क के बीच संबंध को प्रभावित करने वाले सकारात्मक बदलाव भी देखे गए।

कैसे किया गया अध्ययन : 12 सप्ताह तक 60 मिनट रोज योग करवाया

इस अध्ययन में हल्के अल्जाइमर से पीड़ित मरीजों को 12 सप्ताह तक प्रतिदिन 60 मिनट का योग कराया गया। योग शुरू होने से पहले और बाद में उनकी मानसिक क्षमता, अवसाद के लक्षण और आंतों में मौजूद बैक्टीरिया का विश्लेषण किया गया।

डिस्क्लेमर
इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ओपिनियन का विकल्प नहीं है। पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खा अपनी मर्जी से ना आजमाएं। इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।

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