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1962 India China war पर बनी एक फिल्म नहीं हो सकी थी रिलीज, जानें क्या थी वजह?

साल 1962 युद्ध पर एक फिल्म इस फिल्म का नाम था “भूल ना जाना” (Bhool na jana)। फिल्म के डायरेक्ट थे जगन शर्मा (Jagan Sharma)। युद्ध के कुछ महीनों बाद बननी शुरू हुई यह फिल्म साल 1972 में जाकर पूरी हुई। इसमें 1962 के युद्ध के दौरान चीनी सेना के भारतीय परिवारों पर किए जुल्म की कहानी थी।

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Vivhav Shukla

Jun 18, 2020

 Bollywood Movie Bhool na Jaana on India china 1962 war not released

Bollywood Movie Bhool na Jaana on India china 1962 war not released

नई दिल्ली. नई दिल्ली। भारत और चीन ( India China Face Off ) के बीच तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। लद्दाख ( Ladakh Border ) के गलवान वैली ( Galwan Valley ) में हिंसक झड़प के बाद देश में काफी रोष है। 20 जवान की शहादत पर पूरा देश एकजुट है और चीन की कायरता पर उससे करारा जवाब देने की बात कही जा रही है।

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बताया जा रहा है कि साल 1962 के भारत-चीन युद्ध के बाद यह समय दोनों देशों के बीच सबसे तनावपूर्ण है। साल 1962 के बाद से दोनों देशों के संबंध बनते बिगड़ते रहे हैं। लेकिन दोनों के संबंधों के चलते 1962 के युद्ध पर बनी एक फिल्म बैन कर दी गई। इस फिल्म को भारत सरकार ने कहीं भी रिलीज नहीं होने दिया।

साल 1962 युद्ध पर एक फिल्म इस फिल्म का नाम था“भूल ना जाना” (Bhool na jana)। फिल्म के डायरेक्ट थे जगन शर्मा। युद्ध के कुछ महीनों बाद बननी शुरू हुई यह फिल्म साल 1972 में जाकर पूरी हुई। इसमें 1962 के युद्ध के दौरान चीनी सेना के भारतीय परिवारों पर किए जुल्म की कहानी थी।

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साल 1972 में यह फिल्म सेंसर बोर्ड से तो पास हो गई, लेकिन सरकार ने रिलीज नहीं होने दिया। सरकार का मानना था कि दोनों देशों में अब रिश्ते सुधर चुके हैं ऐसे में ये फिल्म रिश्तों में दरार ला सकती है। इसी दलील के साथ सरकार ने फिल्म को बैन कर दिया।

दो भारतीय परिवारों की कहानी बनी ये फिल्म तो पर्दे पर नहीं आ सकी लेकिन फिल्म के गाना जरूर मशहूर हो गए थे। इस फिल्म के दो गाने बहुत मशहूर हुए। गुलजार(Gulzar) के लिखे गीत ‘पुकारो मुझे नाम लेकर पुकारो’ (pukaro mujhe mera nam lekar) मुकेश की आवाज में लोगों की जुबां चढ़ गया था। तो वहीं गीता दत्त का गाया गाना मेरे 'हमनशीं मेरे हमनवां मेरे पास आ मुझे थाम ले' (Hamnashi mere hamnawan mere paas aa) सभी की जुवां पर था।