इस लॉकडाउन में भी महिला ऑटो चालक ( Female Auto Rickshaw Driver ) शीतल सरोदे ( Shital Sarode ) उन लोगों के लिए सहारा बन रही है जिन्हें इस मुश्किल वक़्त में अपने ठिकानों पर पहुंचना होता है।
नई दिल्ली। कोरोना वायरस ( Coroanvirus ) ने पूरी दुनिया के लोगों को बुरी तरह डराया हुआ है। इस बीमारी के बढ़ते प्रकोप को रोकने के लिए दुनियाभर के कई देशों ने अपने प्रमुख शहरों को पूरी तरह लॉकडाउन किया हुआ है। इस वजह से कई लोगों को भारी दिक्कत का सामना करना पड़ा रहा है।
भारत में भी पिछले कुछ दिनों से कोरोना के मामले तेजी से बढ़े है। इसलिए यहां भी लॉकडाउन ( Lockdown ) का दूसरा फेज चल रहा है। ऐसे में जाहिर सी बात है कि देश के कई राज्य के लोगों के सामने कई मुसीबतें खड़ी होगी। लेकिन इस मुश्किल समय में कई लोग दुनिया के सामने मिसाल कायम कर रहे हैं।
कोरोना वायरस के बढ़ रहे मामलों के चलते लॉकडाउन को 3 मई तक के लिये बढ़ा दिया गया है। ऐसे में मुंबई ( Mumbai ) की एक महिला ऑटो-रिक्शा चालक शीतल सरोदे जरूरतमंद लोगों को मुफ्त में सवारी करवा रही हैं, ताकि लोगों को उनके ठिकाने तक पहुंचाया जा सकें।
शीतल का कहना है कि कई बार बहुत जरूरी काम के लिये वाहन की आवश्यकता होती है लेकिन लॉकडाउन के समय में लोगों को सवार नहीं मिल पाती। मैंने किसी को अपना नंबर नहीं दिया है लेकिन अगर किसी को भी मेरी जरूरत होती है तो मैं उसे वहां तक पहुंचा देती हूं जहां उसे जाना होता है।