8 अप्रैल 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

एक BJP नेता ने साध्वी प्रज्ञा को किया था शादी के लिए प्रपोज, यह कहते हुए ठुकरा दिया था ऑफर

मालेगांव बम धमाके में नाम आने के बाद कई साल गुज़ार चुकी हैं जेल में अब जॉइन की भारतीय जनता पार्टी इस नेता ने भेजा था शादी का प्रपोजल।

2 min read
Google source verification
sadhvi pragya

इस नेता ने साध्वी प्रज्ञा को भेजा था शादी का प्रपोजल, यह कहते हुए ठुकरा दिया था ऑफर

नई दिल्ली:मालेगांव बम धमाके ( Malegaon blast ) में नाम आने के बाद चर्चा में आईं साध्वी प्रज्ञा ( Sadhvi Pragya ) ने भारतीय जनता पार्टी ( BJP ) जॉइन कर ली है। आपको बता दें कि साध्वी प्रज्ञा ने बुधवार को मध्यप्रदेश के भोपाल बीजेपी दफ्तर पहुंचकर पार्टी की सदस्यता हासिल की। माना जा रहा है कि वो दिग्विजय सिंह के खिलाफ चुनाव लड़ सकती हैं। साध्वी प्रज्ञा ठाकुर के बारे में कई ऐसी बाते हैं जिनके बारे में ज्यादातर लोग नहीं जानते हैं और आज हम आपको साध्वी प्रज्ञा से जुड़ी ऐसी ही बातें बताने जा रहे हैं।

अनाज नहीं बल्कि खाने के लिए कीड़े तैयार करता है ये किसान, इनसे करता है मोटी कमाई

आपको बता दें कि साल 2008 में मालेगांव बम धमाकों में नाम आने के बाद साध्वी प्रज्ञा को कई साल जेल में गुजारने पड़े थे। इसके बाद साल 2018 में वो जेल से बाहर आई थीं। दरअसल जेल में साध्वी प्रज्ञा को ब्रेस्ट कैंसर हो गया था। अब वे बम धमाके के आरोपों से दोषमुक्त हो चुकी हैं और बीजेपी के साथ अपनी राजनीतिक पारी की शुरुआत करने जा रही हैं। लेकिन क्या आप जानते हैं कि साध्वी प्रज्ञा ने देश के लिए कई बलिदान दिए हैं। उनसे जुड़ा हुआ एक किस्सा बहुत प्रचलित हैं, जिसके बारे में आज हम आपको बताने जा रहे हैं।

साध्वी प्रज्ञा का रुझान बचपन से ही आध्यात्म की तरफ था। 14 साल की उम्र तक वे सांसारिक बंधनों से खुद को निकालने के बारे में सोंचने लगीं। इसी उम्र में उन्होंने संन्यास ले लिया। दरअसल, साध्वी प्रज्ञा देश और समाज के लिए काम करना चाहती थीं। साध्वी बनने के बाद इन्होने मध्य प्रदेश से अपने काम की शुरुआत की और गांव-गांव में जाकर धर्म का प्रचार करना शुरू किया।

पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट से खुलेगा रोहित शेखर की मौत का रहस्य, DNA टेस्ट से खुद को साबित किया था एन डी तिवारी का बेटा

जब साध्वी प्रज्ञा से प्रभावित होकर इस नेता ने भेजा शादी का प्रपोजल

अपने ओजपूर्ण भाषणों की वजह से साध्वी प्रज्ञा को लोग पहचानने लगे। तभी इनसे प्रभावित होकर भाजपा के एक तत्कालीन एमएलए ने उनके सामने शादी का प्रस्ताव रखा, जिसे साध्वी प्रज्ञा ने तुरंत ठुकरा दिया। साध्वी प्रज्ञा ने एमएलए से कहा कि वो देश सेवा के लिए बनी हैं और इसी के लिए उन्होंने संन्यास लिया है। वो शादी नहीं करना चाहती हैं।