
इस शहर को धीरे-धीरे जेल में तब्दील कर रहा है चीन, क्यों यहां के लोगों से डरते हैं नेता
नई दिल्ली। कई मीडिया रिपोर्ट्स में यह दावा किया जा रहा है कि उत्तर-पश्चिम चीन का काश्गर ( Kashgar ) शहर को जेल में बदल दिया गया है। हाल के दिनों में चीन का यह शहर मीडिया में सुर्खियां बटोर रहा है। काश्गर में उइगर मुस्लिम और अन्य मुस्लिम कैम्प मौजूद हैं। यहां हर जगह पर कैमरे लगे हैं। न्यूयॉर्क टाइम्स की रिपोर्ट के मुताबिक, यहां पर बनी मस्जिदों की निगरानी की जा रही है। यहां हर तरफ सुरक्षाकर्मी नज़र आते हैं।
यहां सुरक्षाकर्मी गुप्तचर बने हुए हैं। बंदूकों के साथ खड़े सुरक्षा कर्मी हर आने-जाने वाले की चेकिंग करते हैं। यहां उइगर ( Uyghurs community ) और मुस्लिम कैम्प के लोगों की एक पहचान पत्र दिया जाता है। हर दिन यहां सभी लोग लाइन लगाकर अपनी उपस्थिति दर्ज कराते हैं।
चेकपॉइंट पर मशीनें उनका चेहरा स्कैन करती हैं और इसके बाद उन्हें जाने की इजाजत मिलती है। बता दें कि छोटे बच्चों से भी पूछताछ और उनकी चेकिंग होती है। यहां के लोगों को बाहरी मीडिया से बात करने की इजाज़त नहीं हैं। मुस्लिम कैंप में रह रहे लोगों की चेकिंग कभी भी की जाती है। कई बार कैंप के रह रहे लोगों के फोन और मैसेज पर निगरानी रखी जाती है।
कौन हैं उइगर समुदाय के लोग
इस्लाम को मानने वाला उइगर समुदाय तुर्की से ताल्लुक रखता है। यह समुदाय चीन के सबसे बड़े और पश्चिमी क्षेत्र शिंजियांग प्रांत ( Xinjiang province ) में रहते हैं। जानकारों की मानें तो इनकी आबादी एक करोड़ के ऊपर है। इस क्षेत्र में जब से चीनी समुदाय हान की संख्या बढ़ी है और सेना की तैनाती जब से यहां हुई है तब से स्थिति बदल गई है। शिनजियांग प्रांत ( Xinjiang ) में रहने वाले उइगर मुस्लिम 'ईस्ट तुर्किस्तान इस्लामिक मूवमेंट' चला रहे हैं जिसका मकसद चीन से अलग होना है।
Updated on:
18 Apr 2019 02:25 pm
Published on:
18 Apr 2019 02:25 pm
