
'विकास दर मामले में तेलंगाना शीर्ष पांच राज्यों में शामिल'
हैदराबाद. तेलंगाना नगर प्रशासन एवं शहरी विकास मंत्री के टी रामाराव (केटीआर) ने शनिवार को घोषणा की कि विकास दर के मामले में राज्य देश में शीर्ष पांच राज्यों में शामिल है। केटीआर ने बशीरबाग स्थित प्रेस क्लब में आयोजित ‘मीट द प्रेस’ कार्यक्रम के दौरान कहा कि मुख्यमंत्री के चंद्रशेखर राव (केसीआर) के नेतृत्व में राज्य सरकार ने सिंचाई, मिशन भागीरथ और मिशन काकतीय जैसे विभिन्न उत्पादक क्षेत्रों में रणनीतिक तौर पर निवेश किया है। उन्होंने बताया कि देशभर में रोजगार के अवसरों में तेलंगाना का प्रमुख योगदान है। राज्य एक साल में पैदा होने वाली कुल 4.5 लाख नौकरियों में से 1.5 लाख नौकरियां पैदा करता है। इसके अतिरिक्त तेलंगाना सरकार ने 2.2 लाख सरकारी नौकरियों को भरने का कार्य शुरू किया है और 1.32 लाख पदों को भरने के साथ ही अन्य चरणों में 90,000 पदों को भरने की योजना बनाई है।
इस दौरान उन्होंने प्रत्येक जिले में कम से कम एक मेडिकल कॉलेज होने की तेलंगाना की उल्लेखनीय उपलब्धि पर भी प्रकाश डाला और आईटी, फार्मास्यूटिकल्स और धान उत्पादन सहित विभिन्न क्षेत्रों में राज्य की प्रगति पर जोर दिया। किसानों की आय दोगुनी करने और पांच खरब डॉलर की अर्थव्यवस्था हासिल करने के अधुरे वादे को लेकर भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) की विश्वसनीयता पर सवाल उठाया। वहीं, मेडीगड्डा (लक्ष्मी बैराज) परियोजना के बारे में चिंताओं की चर्चा करते हुए केटीआर ने आश्वासन दिया कि इसका निर्माण पांच साल पहले किया गया था और इस पर कोई अतिरिक्त धन बर्बाद नहीं किया जाएगा। परियोजना के लिए जिम्मेदार एजेंसी वित्तीय बोझ के बिना समस्या को ठीक करेगी और इसने 28 लाख घन सेंटीमीटर बाढ़ के पानी का सफलतापूर्वक सामना किया है। उन्होंने चुनाव के दौरान कालेश्वरम परियोजना का राजनीतिकरण नहीं करने के महत्व पर भी जोर दिया। भाजपा के पिछड़े वर्ग (बीसी) के मुख्यमंत्री के बारे में सवालों के जवाब में केटीआर ने कहा कि नेतृत्व की गुणवत्ता जाति प्रतिनिधित्व से अधिक महत्वपूर्ण है। उन्होंने सवाल किया कि क्या बीसी मुख्यमंत्री होने से बीसी समुदाय को वास्तव में लाभ होगा।
Published on:
28 Oct 2023 07:53 pm
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