4 अप्रैल 2026,

शनिवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

24 घंटे बुजुर्गों की सेवा-आप भी परेशान हैं तो करें इस नंबर पर कॉल

जो आर्थिक, मानसिक, शारीरिक या परिवार की समस्याओं से परेशान हैं या जिनका कोई मददगार नहीं होता। उनकी मदद के लिए शहर के एक शख्स ने आगे हर संभव मदद की है।

2 min read
Google source verification
24 घंटे बुजुर्गों की सेवा-आप भी परेशान हैं तो करें इस नंबर पर कॉल

24 घंटे बुजुर्गों की सेवा-आप भी परेशान हैं तो करें इस नंबर पर कॉल

इंदौर. हमारा शहर इंदौर हमेशा से ही सेवाभवी लोगों से भरपूर रहा है। लेकिन सोशल मीडिया के जमाने में प्रचार की आकांक्षा से दूर रहकर निर्लिप्त भाव से दीन-दुखियों की सेवा करने वाले बहुत ही कम होते हैं। इन्हीं लोगों में से एक है मनोज जायसवाल। जायसवाल गत 5-6 वर्षों से ऐसे अनेक बुजुर्गों की मदद कर रहे हैं जो आर्थिक, मानसिक, शारीरिक या परिवार की समस्याओं से परेशान हैं या जिनका कोई मददगार नहीं होता। वह कई लोगों की बीमारियों के ऑपरेशन करा चुके हैं एक युवती को आत्महत्या करने से बचा चुके हैं जो आज अपने तीन बच्चों के साथ खुशहाल जीवन बिता रही है। जायसवाल ऐसे अनेक परिवारों का सहारा बने हैं जिनका कोई सहारा नहीं था। किसी को संबल प्रदान करने में जो खर्च आता है उसे ये स्वयं वहन करते हैं।

नेहरू नगर के मनोज जायसवाल कामकाज से रिटायर्ड हो चुके हैं। खाली समय में बेसहारा बुजुर्गों की सेवा पर दोस्तों की मदद भी मिलने लगी है। जायसवाल आठ बरस से ऐसा काम कर रहे हैं। चार साल पहले खुदकुशी करने जा रही युवती को समझाइश देकर घर पहुंचाने का काम किया था। उस युवती की पीढ़ा सुनने के बाद मनोज का दिल पसीज गया था। इसके बाद उन्होंने तय किया कि अब यही काम करना है।

दोस्त भी करते हैं मदद

संस्था सेवा आश्रय के सबकुछ वे ही हैं। कुछ दोस्त जरूर हैं, जो मदद कर देते हैं। उनके पास इतना समय तो नहीं है कि वे साथ काम कर पाएं लेकिन सामान आदि में जो भी मदद चाहिए होती है वह पहुंचा देते हैं। मनोज चार बच्चों के पिता हैं और तीन की शादी कर चुके हैं। उनके दो बेटे सिविल इंजीनियर हैं और बेटियों की शादी हो चुकी है।

यह भी पढ़ें : सबके साथ राहुल गांधी, इंदौर पहुंचते ही दिखा जोश, बुलेट भी दौड़ाई, देखें वीडियो


मनोज बुजुर्गों के लिए खाना, बीमारी में उपचार कराना, कपड़े मुहैया कराने का काम करते हैं। वह सरकारी तंत्र का इस्तेमाल कर किसी भी तरह से मदद कर ही देते हैं। मनोज सुबह घर से निकलते हैं और जो बुजुर्ग असहाय नजर आता है, उसकी मदद में लग जाते हैं। मनोज बताते हैं कि हमें किसी को दिखाना नहीं कि हम क्या कर रहे हैं, इसलिए मनोज इस काम पर ज्यादा बात भी नहीं करते हैं। इतना जरूर कहते हैं कि सेवा का ढिंढोरा नहीं पीटना है। वह निराश्रित व्यक्ति जिन्हें कपड़े, खाने, बीमारी की दवाईयां या किसी भी प्रकार की सेवा की आवश्यकता हो वहां पर एक फोन पर पहुंच जाते हैं। लोग आवश्यकता होने पर उन्हें 9827093796 या 8770778796 पर संपर्क कर सकते हैं।