2 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

पिछड़ों को पूछेगी भाजपा, विधानसभा स्तर पर होंगे सम्मेलन

महत्वपूर्ण बैठक में जवाबदार गायब नाराज हुए अध्यक्ष ने सुनाई खरी-खरी

2 min read
Google source verification
पिछड़ों को पूछेगी भाजपा, विधानसभा स्तर पर होंगे सम्मेलन

पिछड़ों को पूछेगी भाजपा, विधानसभा स्तर पर होंगे सम्मेलन,पिछड़ों को पूछेगी भाजपा, विधानसभा स्तर पर होंगे सम्मेलन,पिछड़ों को पूछेगी भाजपा, विधानसभा स्तर पर होंगे सम्मेलन

इंदौर। मध्यप्रदेश में 52 प्रतिशत मतदाता पिछड़ा वर्ग के हैं। जिसके चलते भाजपा ने उन पर फोकस करना शुरू कर दिया है। पिछड़ों की पूछपरख बढ़ाई जाएगी। विधानसभावर सम्मेलन किए जाएंगे जिसकी जिम्मेदारी पार्टी के मोर्चे को दी गई। बड़े आयोजन करने का कहा है ताकि पार्टी के प्रति वातारवरण निर्मित हो सके।

कल दीनदयाल भवन में पिछड़ा वर्ग मोर्चा की अहम बैठक थी। विधानसभा चुनाव को देखते हुए मोर्चा को महत्वपूर्ण मुहिम दी गई है। उसमें पिछड़ी जाति के लोगों को ज्यादा से ज्यादा जोडऩे का अभियान चलाया जाना है। इसको लेकर विधानसभाओं में सभी समाज के प्रमुखों को बुलाकर सम्मेलन किए जाने हैं। समाजसेवियों व अन्य जवाबदारों का सम्मान भी सम्मेलन में करना है। इसके अलावा पिछड़ी जाति के नव मतदाताओं को भी बुलाने का कहा गया है ताकि उनसे संपर्क तेज किया जा सके।

इन मुद्दों को लेकर नगर अध्यक्ष गौरव रणदिवे ने बात रखी। कहना था कि महासंर्पक अभियान में मोर्चा की अहम भूमिका होना चाहिए। कहना था कि प्रदेश में पिछड़ी जाति का प्रतिशत 52 है जिसे हमें ज्यादा से ज्यादा जोडऩा है। आप लोगों की भूमिका अहम है जिसके लिए 14-15 घंटे काम करना चाहिए। इस पर एक युवक ने रणदिवे से पूछ लिया कि घर, परिवार और रोजगार की चिंता कब करेंगे। इस पर रणदिवे का कहना था कि जिसके पास जितना समय है वह उतना समय काम करे, लेकिन पूरी इमानदारी से करे।

दो घंटे भी इमानदारी से कर लिया तो वह काम दिखने लग जाता है। दिखावे की हकीकत जमीन पर नहीं होती है। मैं तो कहता हूं कि अपने बूथ को सबसे मजबूत कर दो। सबको समझ में आ जाना चाहिए कि इस बूथ पर कौन रहता है। बैठक में रणदिवे के अलावा मोर्चा के प्रदेश उपाध्यक्ष नानूराम कुमावत, मोर्चा के प्रभारी प्रकाश राठौर, नगर अध्यक्ष रघु यादव, महामंत्री जीतू कुशवाह और जितेंद्र कौल प्रमुख रूप से मौजूद थे।

बहुत कम इकट्ठा हुए जवाबदार
गौरतलब है कि बैठक में नगर व मंडल के पदाधिकारियों के अलावा वार्ड के अध्यक्षों को भी बुलाया गया था।85 में से मात्र 8 से 10 वार्ड अध्यक्ष थे तो 28 में से मात्र 13 मंडल अध्यक्ष ही आए। उसके अलावा मंडल के पदाधिकारी भी अधिकांश गायब थे। बैठक में संख्या देखकर अध्यक्ष रणदिवे नाराज हो गए। कहना था कि क्या स्थिति है? उन्होंने नगर अध्यक्ष यादव को निर्देश दिए कि ऐसे पदाधिकारियों को हटा दिया जाए जो सक्रिय नहीं हैं और काम भी नहीं कर रहे हैं।