31 जुलाई 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

मेरा महबूब शहर इंदौर

इंदौर

image

Newsdesk

Jul 31, 2026

datia news

datia news (भाई ने की भाई की हत्या Photo Source- Patrika)

इंदौर कोई जमीन का टुकड़ा नहीं.... धड़कता खिलखिला सांस लेता शहर है। मां अहिल्याबाई की नगरी , जो अब स्वच्छता में परचम लहरा रहा है ।

यह मेरा महबूब शहर है मैं इसकी हर अदा पर फिदा हूं। गलियों से लेकर सड़कों तक चकाचक ।
खाने-पीने के शौकीनों का शहर , स्वाद के दीवाने रात को सराफा के चक्कर लगाते हैं। 56 की गलियों में हर किसी के लिए कुछ ना कुछ अनोखा जरुर मिल जाता है।
शहर के बीचोंबीच राजबाड़ा इसके ऐतिहासिक महत्व को दर्शाता है। आज भी पर्यटकों में आकर्षण का केंद्र है। इसका लाइट एंड साउंड शो बहुत लोकप्रिय है। जहां इंदौर के शासकों की गौरवशाली गाथा अमिताभ बच्चन जी की आवाज में प्रभावशाली ढंग से सुनाई जाती है।

यह उत्सवों का शहर है, घुमक्कड़ों का शहर है अगर कहीं बाहर नहीं जा पाए तो शहर के आसपास ही बहुत कुछ है घूमने के लिए जैसे उज्जैन का महाकाल मंदिर, ओम्कारेश्वर ज्योतिर्लिंग, महू, मांडू, महेश्वर।
ट्रैकिंग करने वालों के लिए रालामंडल है जहां प्रकृति को करीब से महसूस किया जा सकता है।


मैं इस शहर से कुछ दिन दूर हो भी जाऊं तो यह शहर मेरी जबान में घुलकर मेरे साथ हर जगह जाता है "भयंकर गर्मी पड़ रही है, हओ अभी आए, भिइया हमें भी तो बताओ"
इंदौर शहर को जो चीज दूसरे शहरों से अलग करती है वह है "इंदौर की गेर" रंग पंचमी पर निकलने वाली यह गेर न सिर्फ अन्य राज्य के लोगों को आकर्षित करती है बल्कि विदेशों में भी खासी लोकप्रिय है ।इंदौर में गेर निकालने की परंपरा 300 साल पुरानी है रंग पंचमी के दिन एक बड़ा जुलूस निकाला जाता है। मशीन से 300 फिट दूर तक रंग व गुलाल उड़ाया जाता है । एकता का प्रतीक यह गेर यूनेस्को की सूची में भी शामिल हो चुकी है एक अमूर्त सांस्कृतिक विरासत के रूप में।

एक और चीज है जो इंदौर को बाकि शहरों से अलग बनाती है वो है अनंत चतुर्दशी पर निकलने वाली झांकी। जिसे लेकर शहर और प्रदेशवासियों ही नहीं बल्कि विभिन्न राज्यों के लोग भी उत्साहित रहते हैं. शहर की सड़कें बहुरंगी रोशनी से चमक उठती हैं. जिसे निहारने के लिए हजारों की भीड़ जमा हो जाती है. परंपरागत झांकियों के साथ इंदौर के अखाड़े भी हर साल शस्त्रकला का प्रदर्शन कर दर्शकों को रोमांचित करते हैं.


- अवंति श्रीवास्तव