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उज्जैन-इंदौर मेट्रोपॉलिटन रीजन में 7 नेशनल हाईवे, रेल-सड़क नेटवर्क का जाल, दिल्ली-मुंबई कॉरिडोर से जुड़ेगा

Ujjain Indore Metropolitan Region: एमपी के 6 जिलों की 38 तहलीलें, 2781 गांवों के साथ ही 35 लोकल अर्बन बॉडीज के विकास को रफ्तार मिलेगी, सड़क, रेल रूट से ऑद्योगिक विकास पर फोकस लाएगा रोजगार के नए अवसर

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Ujjain Indore Metropolitan Region

Ujjain Indore Metropolitan Region: मध्य प्रदेश सरकार का मेगा प्रोजेक्ट एमपी के विकास को देगा रफ्तार। (फोटो सोर्स: AI Generated)

Ujjain Indore Metropolitan Region: उज्जैन-इंदौर मेट्रोपॉलिटन एरिया का गजट नोटिफिकेशन हो गया है। इसमें 16 हजार वर्ग किमी का एरिया शामिल किया है। इंदौर सहित छह जिले इसमें शामिल हैं। इसके आधार पर आगे प्लानिंग होगी। जून के पहले सप्ताह में हुए गजट नोटिफिकेशन के आधार पर सेक्टर में विकास योजना बनाई जाएगी।

प्रारंभिक रिपोर्ट तैयार हो गई है। मध्य प्रदेश सरकार के इस मेगा प्रोजेक्ट से इस रीजन के हजारों गांवों का विकास रफ्तार पकड़ेगा। 7 नेशनल और 14 स्टेट हाईवे के साथ ही रेल, सड़क रूट पर फोकस से औद्योगिक विकास संभव होगा। जल्द ही रोजगार के नए अवसर लेकर तैयार होगा उज्जैन-इंदौर मेट्रोपॉलिटन रीजन।

38 तहसीलों और 2781 गांव शामिल

मेट्रोपॉलिटन रीजन में इंदौर, देवास, उज्जैन, धार, शाजापुर, रतलाम की 38 तहसीलों और 2781 गांवों को शामिल किया है। 4 चरण में इन्हें विकसित किया जाएगा। इसमें इंदौर का शत-प्रतिशत तो शाजापुर का 90, उज्जैन का 59, देवास का 41, धार का 18 व रतलाम का 22 प्रतिशत हिस्सा शामिल किया है। नोटिफिकेशन में सभी तहसीलों के गांवों के नाम दर्शाए गए हैं। इस आधार पर अलग-अलग सेक्टर की प्लानिंग होगी। कंसल्टेंट को प्लानिंग का काम दिया है। मेहता कंसल्टेंट ने आइडीए को इंस्पेक्शन रिपोर्ट सौंप दी है। 80-90 लाख आबादी के हिसाब से प्लानिंग की जाएगी।

रेल, सड़क नेटवर्क पर फोकस, औद्योगिक विकास तभी संभव

मेट्रोपॉलिटन रीजन में परिवहन नेटवर्क का खास ख्याल रखा जाएगा ताकि औद्योगिक विकास रफ्तार पकड़े। रेल और सड़क नेटवर्क का उपयोग कर पूरे रीजन का समग्र विकास होगा। बता दें कि रीजन में वर्तमान में 996 किमी लंबे सात नेशनल हाईवे और 468 किमी के 14 स्टेट हाईवे हैं। वहीं नागदा-उज्जैन, उज्जैन-देवास-इंदौर-महू, उज्जैन-मक्सी, इंदौर-फतेहाबाद-रतलाम रेल रूट भी हैं। इसके अलावा इंदौर-धार और महू-सनावद, महू-मनमाड़, मांगलिया-बुधनी रेल रूट की निर्माण प्रक्रिया जारी है। वहीं दिल्ली-मुंबई कॉरिडोर से भी रीजन जुड़ रहा है। इससे उद्योग रियल एस्टेट, पर्यटन और कृषि प्रसंस्करण के साथ ही लॉजिस्टिक्स सेक्टर में भी बड़े निवेश आएंगे।

7 नेशनल हाईवे-14 स्टेट हाईवे, देखें फैक्ट

  • 16000.88 वर्ग किमी क्षेत्रफल
  • 75.34 लाख आबादी
  • 38 तहसीलें
  • 2781 गांव
  • 35 अर्बन लोकल बॉडीज
  • सात नेशनल हाईवे
  • 14 स्टेट हाईवे
  • मजबूत 8 रेल नेटवर्क
  • दिल्ली मुंबई कॉरिडोर से सीधा जुड़ रहा

ये होंगे फायदे

इस पूरे मेट्रोपॉलिटन रीजन प्रोजेक्ट (Ujjain Indore Metropolitan Region Mega Project) का एक साझा विजन तैयार किया जा सकेगा। इस प्रोजेक्ट के जरिए परिवहन, उद्योग और निवेश को बढ़ावा मिलेगा। समग्र विकास होगा। दीर्घकालिक विकास योजनाएं अमल में लाई जा सकेंगी। निवेश और औद्योगिक नेटवर्क बढ़ने से रोजगार के नए अवसर बढ़ेंगे। भूमि उपयोग और पर्यावरण संरक्षण की एकीकृत नीति बनेगी। तेजी से बढ़ते शहरी विस्तार को एक व्यवस्थित दिशा मिलेगी।