शाह व चौहान ने महामस्तकाभिषेक के पंडाल में लोगों को संबोधित भी किया। शाह ने वादा किया कि नैतिक शिक्षा, संस्कार व आध्यात्म पर आचार्य की मंशा से वे सरकार को अवगत कराएंगे। मुख्यमंत्री चौहान ने कहा कि आचार्यश्री ने शिक्षा में बदलाव के लिए तीन सिद्धांत सुझाए हैं, जिनमें विज्ञान के साथ इतिहास ज्ञान, कौशल चरित्र निर्माण के साथ नैतिक शिक्षा को जरूरी बताया है। उनकी बातों को अमल में लाने का भरसक प्रयास किया जाएगा। कुंडलपुर पहुंचे शाह व चौहान के साथ भाजपा के अन्य नेता भी उपस्थित रहे।