
जबलपुर . शहर की प्राइम लोकेशन में होर्डिंग के पृष्ठ बेचकर होर्डिंग, जेंट्री गेट और यूनिपोल की एजेंसी करोड़ों रुपये कमा रही हैं, वहीं टैक्स चुकाने में टालामटोली कर रहे हैं। विकास कार्यों के नाम पर आए दिन फंड की कमी बताकर नगर निगम के अधिकारी होर्डिंग माफिया व अन्य प्रचार एजेंसियों से दोस्ती निभा रहे हैं। टैक्स निर्धारण से लेकर अन्य प्रचार एजेंसियों से कर वसूली में भी निगम प्रशासन फिसड्डी साबित हो रहा है। होर्डिंग, जेंट्रीगेट व यूनिपोल लगाने वाली 11 एजेंसियों पर डेढ़ करोड़ रुपये के लगभग टैक्स बकाया है। ये टैक्स वर्ष 2024-25 में नगर निगम को वसूलना है।
प्राइम लोकेशन पर बम्पर कमाई
होर्डिंग माफिया, प्रचार एजेंसियां प्राइम लोकेशन के होर्डिंग, यूनिपोल, मिनी पोल, जेंट्री गेट से बम्पर कमाई कर रही हैं। स्थानीय व्यापारियों, स्कूल-कॉलेज, अस्पतालों और कार्पोरेट समूह के प्रचार से वे करोड़ों रुपये कमा रहे हैं, लेकिन निगम को कुछ लाख रुपए टैक्स चुकाने में लेटलतीफी कर रहे हैं। जानकारों के अनुसार इसका मुख्य कारण उन्हें निगम के होर्डिंग शाखा के अधिकारियों का संरक्षण मिलना है।
दल-बल के साथ पहुंच जाता है निगम
संपत्ति कर वसूलने नगर निगम का अमला दल-बल के साथ लोगों के घरों पर पहुंच जाता है। इतना ही नहीं करदाता के भुगतान नहीं कर पाने पर वे संपत्ति कुर्की कर देते हैं। लेकिन यहां होर्डिंग माफिया व अन्य प्रचार एजेंसियों पर निगम के जिम्मेदार मेहरबान हैं।
होर्डिंग, यूनिपोल लगाने वाली एजेंसियों के बकाया टैक्स की समीक्षा करेंगे, जिससे बकाया राशि जमा कराई जा सके।
भूपेंद्र सिंह, होर्डिंग शाखा प्रभारी व कार्यपालन यंत्री नगर निगम
Updated on:
06 Jun 2024 03:22 pm
Published on:
06 Jun 2024 03:15 pm
