जब पालतू बिल्ली का प्रसव काल निकट हो तो उस पर नजर रखें और उसके रहने और खाने की ऐसी व्यवस्था करें कि वह आपके कमरे में ही रहे। वैसे पालतू बिल्लियां घरों में कुर्सी, बिस्तर और मालिक की गोद तक में बैठी रहती हैं। जिस समय वह बच्चों को जन्म दे रही हो, सावधानी से उसकी रखवाली करें। बच्चों को जन्म देने के तुरंत बाद ही उसके पेट से नाल (झिल्ली) निकलती है। यह पॉलिथीन की थैली की तरह पारदर्शी लिजलिजी, रक्त और पानी के मिश्रण से तर होती है। इसे नाल या आँवल कहा जाता है। स्वभावत: बिल्ली उसे तुरंत खा जाती है अत: जैसे ही बिल्ली के पेट से नाल बाहर आए, उस पर कपड़ा ढंक दें जिससे बिल्ली उसे तुरंत खा नहीं सकेगी। प्रसव के दौरान बिल्ली कुछ शिथिल रहती है, इसलिए तेजी से झपट नहीं सकती। अब किसी तरह उसकी नाल उठा लें और सावधानी से सुखा लें।