जयपुर। दिवाली पर जवाहर सर्किल थानाधिकारी पर एक चाय कैफे वाले दुकानदार को पीटने के आरोप लगे है। पीड़ित अनिल कुमार पुत्र रघुनाथ सहाय मूल निवासी सिवान, बिहार व हाल निवासी नंदपुरी, मालवीय नगर ने बताया कि जीटी स्क्वायर में उसकी चाय कैफे की दुकान है। 15 अक्टूबर को ही उसने नई चाय कैफे की दुकान खोली है। 24 अक्टूबर को दिवाली थी। दिवाली को पूजा करने के बाद रात 12 बजे के लगभग वह घर जाने की तैयारी में था। उसी समय उसकी दुकान पर कुछ लोग आए और चाय बनाने के लिए कहा। वह चाय बनाने लगा तब ही जवाहर सर्किल पुलिस उसकी दुकान पर आई। थानाधिकारी राधा रमण गुप्ता ने उसकी आंख पर डंडे से वार किया। जिससे उसकी आंख में गंभीर चोट आई। मेरी आंख फोड़ने के बाद पुलिसकर्मी मुझे जख्मी छोड़कर चले गए। वही उसकी दुकान पर बैठे कुछ लोगों को अपने साथ ले गए। दुकानदार ने कहा कि घायलवास्था में उसके परिजन जयपुरिया अस्पताल ले गए, जहां से उसे एसएमएस अस्पताल रैफर कर दिया गया।
थानाधिकारी ने कहा— दुकानदार को नहीं मारा..
जवाहर सर्किल थानाधिकारी राधारमण गुप्ता ने बताया कि चाय वाले दुकानदार को नहीं पीटा गया। पुलिस की ओर से पहले ही कहा गया था कि रात 12 बजे तक सभी अपनी दुकानें बंद कर ले। जब पुलिस रात को 12 बजे बाद गश्त कर रही थी तब चाय वाले की दुकान खुली थी। पुलिस ने शटर डाउन कर दिया था। इस दौरान चार लोगों को पुलिस साथ लेकर आई थी। जिन्हें हिदायत देकर छोड़ दिया गया था। दुकानदार के आंख पर चोट कैसे लगी। इस बात का उन्हें मालुम नहीं है। क्योंकि पुलिस की ओर से दुकानदार को नहीं पीटा गया था।
पीड़ित ने कहा— थानाधिकारी ने आकर मांगी माफी…
पीड़ित अनिल ने बताया कि 25 अक्टूबर को जवाहर सर्किल थानाधिकारी उनके फ्लेट पर आए और उससे माफी मांगी। थानाधिकारी ने उससे कहा कि उनसे गलती हो गई है। अनिल ने बताया कि उसकी आंख का ऑपरेशन जल्द करने के लिए डॉक्टर ने कहा है। आंख के ऑपरेशन में लगभग 3 से 4 लाख रुपए का खर्च आएगा। वही सीआई ने शिकायत करने के लिए मना किया है।