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विदेश दौरे से लौटे सीएम भजनलाल, बोले- 4 साल में निवेश प्रस्ताव धरातल पर उतार देंगे

राइजिंग राजस्थान इन्वेस्टमेंट समिट को लेकर विदेश दौरे पर गए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा रविवार को जयपुर लौट आए। इस मौके पर कार्यकर्ताओं ने एयरपोर्ट पर स्वागत किया।

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CM Bhajan Lal Sharma

CM Bhajan Lal Sharma

जयपुर। राइजिंग राजस्थान इन्वेस्टमेंट समिट को लेकर विदेश दौरे पर गए मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा रविवार को जयपुर लौट आए। इस मौके पर कार्यकर्ताओं ने एयरपोर्ट पर स्वागत किया। भाजपा प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ सहित कई मंत्री और विधायक स्वागत के लिए पहुंचे थे। इसके बाद शाम 4 बजे भाजपा कार्यालय में भी कार्यकर्ताओं ने मुख्यमंत्री का स्वागत और अभिनंदन किया।

कार्यक्रम में सीएम भजनलाल शर्मा ने कहा कि सरकार के पहले साल में ही इन्वेस्टमेंट समिट करवा रहे हैं, जो भी निवेश प्रस्ताव आएंगे उन्हें 4 साल के भीतर धरातल पर उतार देंगे। निवेशकों को आमंत्रित करने के लिए जर्मनी और इंग्लैंड गए थे। राजस्थान के कई क्षेत्रों में जर्मनी और इंग्लैंड ने निवेश को लेकर सहमति जताई है। कार्यक्रम में उप मुख्यमंत्री प्रेमचंद बैरवा, सांसद घनश्याम तिवाड़ी के अलावा कई विधायक मौजूद थे।

यमुना जल समझौता रद्द करने वालों की हरियाणा में सरकार नहीं बनी

मुख्यमंत्री ने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि हमारी सरकार ने सत्ता में आते ही शेखावाटी के लोगों के लिए यमुना जल समझौता किया था। कांग्रेस के नेता कहते हैं कि उन्होंने यमुना जल समझौते के लिए कई बार केंद्र को पत्र लिखे। अगर पत्र लिखे थे तो वह कहां हैं। कांग्रेस की मंशा कभी भी शेखावाटी के लोगों को यमुना का पानी देने की नहीं थी।

इसका पता इसी से चलता है कि कांग्रेस ने हरियाणा विधानसभा चुनाव के घोषणा पत्र में कहा था कि अगर सरकार बनी तो राजस्थान के साथ समझौता रद्द करेंगे, लेकिन हरियाणा की जनता ने कांग्रेस को सबक सिखा दिया। सीएम ने कहा कि ईआरसीपी की डीपीआर बन चुकी है, कुछ दिनों में शिलान्यास भी होने वाला है। हमारी सरकार युवाओं को रोजगार देने में सबसे आगे हैं। 90 हजार पदों पर भर्ती का फैसला एक ही कैबिनेट की बैठक में लिया गया। इससे पहले आज तक कभी ऐसा नहीं हुआ था।

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सभी की राय से तय हुए प्रत्याशी

मुख्यमंत्री ने कहा कि उपचुनाव में सभी की राय से प्रत्याशियों का चयन किया गया है। जनता के बीच रहकर काम करने वाले कार्यकर्ताओं को टिकट दिए गए हैं। छह सीटों पर दूसरी पार्टी के विधायक थे, हमारी सरकार ने उन सीटों पर भी काम करने में कोई कसर नहीं छोड़ी।

पहले की सरकार होटलों में रहती थी इसलिए निवेश नहीं आया

प्रदेशाध्यक्ष मदन राठौड़ ने कहा कि पहले राजस्थान में निवेशकों ने इसलिए दिलचस्पी नहीं दिखाई थी कि उन्हें पता था कि यह सरकार केवल होटलों में रहती है। आपस में ही एक-दूसरे की टांग खिंचाई करते हैं। कोई सरकार गिराने में व्यस्त रहा तो कोई सरकार बचाने में… इसी में 5 साल निकाल दिए। इसलिए निवेशक अपनी गाढ़ी कमाई को राजस्थान में नहीं लगाना चाहते थे, लेकिन अब राजस्थान में डबल इंजन की सरकार है, यहां निवेश आ रहा है।

गौरतलब है कि प्रदेश में 9 से 11 दिसंबर तक राइजिंग राजस्थान इन्वेस्टमेंट समिट का आयोजन होगा। इसी को लेकर मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा 14 अक्टूबर को जर्मनी और लंदन के दौरे पर गए थे।