
राहुल गांधी सहित विपक्षी सांसदों का निर्वाचन आयोग तक मार्च (ANI)
RahulGandhi: जयपुर। गलवान घाटी में चीनी घुसपैठ और 20 भारतीय सैनिकों की शहादत को लेकर लोकसभा में राहुल गांधी द्वारा उठाए गए सवालों पर राजनीतिक घमासान तेज हो गया है। केंद्र सरकार द्वारा उन पर गोपनीय जानकारी साझा करने का आरोप लगाने पर कांग्रेस ने कड़ा जवाब दिया है। राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए राहुल गांधी का समर्थन करते हुए कहा है कि उन्होंने कोई गोपनीय बात नहीं कही, बल्कि वही सच सामने रखा जो पहले से सार्वजनिक है।
राजस्थान के वरिष्ठ कांग्रेस नेताओं ने राहुल गांधी के समर्थन में मोर्चा खोलते हुए कहा है कि गलवान में चीन की घुसपैठ और 20 जवानों की शहादत की जानकारी पहले से ही सार्वजनिक है। कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने एक्स (पूर्व ट्विटर) पर लिखा कि "बात देश की सीमा सुरक्षा की हो, तो चुप रहना देशभक्ति नहीं है…सच बोलना और सरकार से सवाल पूछना ही सच्चा राष्ट्रप्रेम है।" उन्होंने राहुल गांधी को निडर योद्धा बताते हुए कहा कि लद्दाख के स्थानीय लोग, सामाजिक कार्यकर्ता और अंतरराष्ट्रीय मीडिया पहले ही इन बातों की पुष्टि कर चुके हैं, ऐसे में राहुल गांधी ने कोई गोपनीय जानकारी नहीं दी।
राजस्थान के पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने भी कहा कि चीन की घुसपैठ से संबंधित जानकारियां पहले से ही विश्वसनीय स्रोतों पर इंटरनेट और मीडिया में मौजूद हैं। उन्होंने कहा कि "सोनम वांगचुक जैसे कार्यकर्ता भी समय-समय पर इस पर चिंता जाहिर कर चुके हैं।" गहलोत ने यह भी जोड़ा कि "राहुल गांधी का बयान कोई सनसनी नहीं, बल्कि सरकार से इस मुद्दे पर ठोस कार्रवाई की अपील है।"
दोनों नेताओं ने यह भी कहा कि सरकार को चाहिए था कि वह स्वयं इस विषय पर संसद में चर्चा करती ताकि देश को विश्वास में लिया जा सके, लेकिन ऐसा नहीं हुआ। उन्होंने इसे सरकार की जवाबदेही से बचने की कोशिश बताया।
कांग्रेस नेताओं ने यह भी दोहराया कि राहुल गांधी का अब तक का जनसंघर्ष, भारत जोड़ो यात्रा और जनता की समस्याओं को संसद में उठाना उनके देशप्रेम का प्रमाण है।
Updated on:
05 Aug 2025 02:01 pm
Published on:
05 Aug 2025 02:01 pm
