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राजस्थान में पहली बार होगा रोबोटिक सर्जरी पर मंथन, देशभर के डॉक्टर साझा करेंगे रोबोटिक सर्जरी के अनुभव

समिट में देशभर से 150 से अधिक चिकित्सक भाग लेंगे, जो विभिन्न स्पेशियलिटी में रोबोटिक सर्जरी के अनुभव और संभावनाओं पर विचार-विमर्श करेंगे।

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जयपुर। चिकित्सा विज्ञान में नई तकनीकों के उपयोग और रोबोटिक सर्जरी की बढ़ती भूमिका पर चर्चा के लिए ‘फर्स्ट रोबो सर्ज समिट’ का आयोजन किया जाएगा। इस समिट में देशभर से 150 से अधिक चिकित्सक भाग लेंगे, जो विभिन्न स्पेशियलिटी में रोबोटिक सर्जरी के अनुभव और संभावनाओं पर विचार-विमर्श करेंगे। कार्यक्रम का आयोजन मणिपाल हॉस्पिटल, एसएस इनोवेशन इंटरनेशनल इंक. और जयपुर मेडिकल एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में किया जा रहा है। समिट से पहले आयोजित प्रेस वार्ता में विशेषज्ञों ने इसकी जानकारी साझा की।

रोबोटिक सर्जरी पर राष्ट्रीय स्तर की चर्चा

आयोजकों के अनुसार समिट में देश के विभिन्न हिस्सों से सर्जन और विशेषज्ञ शामिल होंगे। इसमें रोबोटिक तकनीक के जरिए हार्ट, यूरोलॉजी, गायनेकोलॉजी और कैंसर सर्जरी जैसे क्षेत्रों में हो रहे बदलावों पर चर्चा की जाएगी। विशेषज्ञ अपने अनुभवों के आधार पर नई तकनीकों के उपयोग और उनके परिणामों पर प्रकाश डालेंगे।

विशेषज्ञ साझा करेंगे अनुभव

कार्यक्रम के आयोजक और कार्डियक सर्जन डॉ. ललित आदित्य मालिक ने बताया कि समिट में कई अनुभवी सर्जन भाग लेंगे। देश में सर्जिकल रोबोट के उपयोग को बढ़ावा देने वाले विशेषज्ञ भी इसमें शामिल होंगे। इस दौरान रोबोटिक हार्ट सर्जरी के क्षेत्र में किए गए कार्यों और अनुभवों को साझा किया जाएगा। साथ ही, आधुनिक सर्जिकल प्रैक्टिस में रोबोटिक तकनीक के बढ़ते उपयोग पर भी चर्चा होगी।

स्वदेशी तकनीक पर फोकस

एसएस इनोवेशन के प्रतिनिधियों ने बताया कि देश में स्वदेशी रोबोटिक सर्जरी तकनीक का विस्तार हो रहा है। अब तक 150 से अधिक रोबोटिक सिस्टम विभिन्न चिकित्सा केंद्रों में स्थापित किए जा चुके हैं। इनकी मदद से सर्जरी की लागत अपेक्षाकृत कम हो रही है, जिससे मरीजों को राहत मिल रही है। विशेषज्ञों ने कहा कि इस तकनीक से ऑपरेशन के बाद रिकवरी समय भी कम हो सकता है।

मरीजों के अनुभव भी साझा

प्रेस वार्ता के दौरान रोबोटिक सर्जरी करा चुके कुछ मरीजों ने अपने अनुभव भी साझा किए। उन्होंने बताया कि सर्जरी के बाद उन्हें बेहतर परिणाम मिले और रिकवरी अपेक्षाकृत तेज रही। जयपुर मेडिकल एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने भी इस पहल को चिकित्सा क्षेत्र में उपयोगी बताया और कहा कि इस तरह के आयोजन से डॉक्टरों को नई तकनीकों को समझने का अवसर मिलता है। समिट को चिकित्सा क्षेत्र में तकनीकी उन्नयन की दिशा में एक सामान्य लेकिन महत्वपूर्ण पहल के रूप में देखा जा रहा है।