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Guru Purnima: साकार हो रही गुरु-शिष्य परंपरा, गुरु पूजन के बाद शिष्यों को दी जा रही दीक्षा

Guru Purnima: गुरू-शिष्य के आध्यात्मिक मिलन का पर्व गुरू पूर्णिमा आज भक्तिभाव से मनाया जा रहा है। शिष्य अपने गुरूओं का पूजन कर आशीर्वाद ले रहे है। वहीं गुरु अपने नए शिष्यों को मंत्र दीक्षा दे रहे हैं।

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Guru Purnima: साकार हो रही गुरु—शिष्य परंपरा, गुरु पूजन के बाद शिष्यों को दी जा रही दीक्षा

Guru Purnima: साकार हो रही गुरु—शिष्य परंपरा, गुरु पूजन के बाद शिष्यों को दी जा रही दीक्षा

जयपुर। गुरू-शिष्य के आध्यात्मिक मिलन का पर्व गुरू पूर्णिमा आज भक्तिभाव से मनाया जा रहा है। शिष्य अपने गुरूओं का पूजन कर आशीर्वाद ले रहे है। वहीं गुरु अपने नए शिष्यों को मंत्र दीक्षा दे रहे हैं। गलता तीर्थ, काले हनुमानजी मंदिर, त्रिवेणीधाम सहित कई जगहों पर धार्मिक मेले से माहौल में गुरु—शिष्य परंपरा साकार हो रही है। गुरु पूजन के लिए शिष्यों की भीड़ उमड़ रही है। मंदिरों और तीर्थ स्थलों पर पूर्ववर्ती आचार्यों, महंतों का चित्र पूजन हुआ। कई जगहों पर भंडारा का आयोजन हो रहा है।

उत्तर भारत की प्रमुख पीठ गलता तीर्थ में पूर्ववर्ती आचार्यों के पूजन के साथ ही तीन दिवसीय गुरु पूर्णिमा महोत्सव शुरू हुआ। पीठाधीश्वर स्वामी अवधेशाचार्य के सान्निध्य में गालव ऋषि, रामानुजाचार्यजी, पयोहारीजी, कील्हजी से लेकर रामोदाराचार्यजी तक समस्त पूर्ववर्ती आचार्यों का पूजन किया गया। इसके साथ ही गुरू पूजन का सिलसिला शुरू हुआ। भक्त स्वामी अवधेशाचार्य का पूजन कर आशीर्वाद ले रहे है। वहीं नए शिष्य स्वामी अवधेशाचार्य से पंचसंस्कारित होकर दीक्षा ग्रहण कर रहे है। स्वामी अवधेशाचार्य शिष्यों को कंठी भी धारण करवा रहे है। यहां 5 जुलाई को 3 दिवसीय गुरु पूर्णिमा महोत्सव का सन्त भंडारे के साथ समापन किया जाएगा।

काले हनुमानजी मंदिर
चांदी की टकसाल स्थित काले हनुमान मंदिर में हनुमानजी महाराज के अभिषेक के बाद विशेष शृंगार कर गुरु पुर्णिमा महोत्सव की शुरुआत हुई। हनुमानजी महाराज के विविध व्यंजनों का भोग लगाया गया। इसके बाद गुरु पूजन का सिलसिला शुरू हुआ। भक्तों में महंत गोपाल दास का गुरू के रूप में पूजन करने की होड़ सी मची। सुबह से ही गुरु पूजन के लिए यहां भक्तों व शिष्यों की कतार लगी। गुरू पूजन कर भक्तों ने आशीर्वाद लिया। नए भक्तों को मंत्र दीक्षा दी गई। मंदिर के युवराज योगेश शर्मा ने बताया कि सुबह हनुमानजी महाराज को नवीन पोशाक धारण कराकर पुष्प शृंगार किया गया। मंदिर महंत गोपाल दास ने पूर्व आचार्यों का पूजन किया। इसके बाद नए साधकों को गुरू दीक्षा दी जा रही है।

सरस निकुंज में आचार्यों की पादुका पूजन
श्री शुक संप्रदाय आचार्य पीठ सरस निकुंज में दो दिवसीय गुरु पूर्णिमा महोत्सव में ठाकुर श्री राधा सरस बिहारी सरकार की विधिवत सेवा के बाद परंपरागत सेवा में विराजित आचार्यों की पादुका पूजन किया गया। इसके बाद शुक संप्रदाय आचार्य पीठाधीश्वर अलबेली माधुरी शरण ने श्री वेदव्यास जी के चित्रपट का पूजन किया। ठाकुर जी की सुबह श्रृंगार आरती दर्शन के बाद वैष्णव भक्तों ने व्यासपीठ की पूजा-अर्चना की। इसके बाद अलबेली माधुरी शरण का गुरू पूजन किया। शिष्यों को नाम दीक्षा प्रदान की जा रही है।

यहां भी होंगे आयोजन
राघवेन्द्राचार्य के सान्निध्य में गंगापोल बाहर बदनपुरा स्थित प्राचीन मन्दिर श्री मुरली मनोहर जी में सामूहिक जपानुष्ठान और श्रीमन्नारायण नाम संकीर्तन का आयोजन हुआ। इसेक बाद पंचसंस्कार दीक्षा का आयोजन हुआ।

प्रजापति विहार, मानसरोवर स्थित श्री चिंताहरण काले हनुमान मंदिर में महामंडलेश्वर मनोहरदास के सान्निध्य में एक दिवसीय गुरु पूर्णिमा महोत्सव का आयोजन हुआ।

यज्ञ में गुरु गायत्री मंत्र के साथ आहुतियां अर्पित

अखिल विश्व गायत्री परिवार शांतिकुंज हरिद्वार की ओर से गुरु पूर्णिमा महोत्सव सोमवार को भक्ति भाव से मनाया गया। गायत्री शक्तिपीठ ब्रह्मपुरी, गायत्री शक्तिपीठ वाटिका, गायत्री शक्तिपीठ कालवाड़ में मुख्य आयोजन हुए। इसके अलावा मानसरोवर और जनता कॉलोनी के चेतना केंद्र गुरु पूर्णिमा महोत्सव की धूम रही। शिष्यों ने समाधि स्थल पर प्रणाम किया। यज्ञशाला में नौ कुंडीय यज्ञ में गुरु गायत्री मंत्र के साथ आहुतियां अर्पित की। इससे पूर्व गुरु सत्ता का भाव भरा आह्वान कर पूजन किया गया। व्यासपीठ से ब्रह्मवादिनी बहनों ने यज्ञ करवाया। प्रज्ञा गीतों की भाव भरी प्रस्तुतियां दी गई। इस अवसर पर बड़ी संख्या में नए साधकों ने गुरु दीक्षा ली।

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खोले के हनुमानजी में भक्ति संगीत व सुंदरकांड पाठ
श्री खोले के हनुमान मंदिर में गुरु पूर्णिमा महोत्सव के उपलक्ष्य में भक्ति संगीत व सामूहिक सुंदरकांड पाठ का आयोजन हो रहा है। सुबह खोले के हनुमानजी महाराज का गंगाजल से अभिषेक किया गया। सिंदूर चौला चढ़ा कर नवीन पोषाक धारण करवाई गई। इसके बाद गुरु राधेलाल चौबे की समाधि पर गंगाजल व पंचामृत से अभिषेक किया गया। इसके साथ ही भक्ति संगीत का आयोजन शुरू हुआ। श्रीनरवर आश्रम सेवा समिति के महामंत्री बृजमोहन शर्मा ने बताया कि गुरु पूर्णिमा महोत्सव रात 12 बजे तक मनाया जाएगा। भक्तजन सुबह 6 बजे से गुरु पूजन कर रहे है, जो रात 12 बजे तक गुरु पूजन करेंगे। शाम 6 बजे से सामूहिक सुन्दरकाण्ड पाठ किए जाएंगे।