
जयपुर। उत्तरी हरियाणा में बने चक्रवाती तंत्र के असर से राजस्थान में एक बार फिर से मानसूनी बादल बरसने लगे है। प्रदेश के भीलवाड़ा में बुधवार सुबह मूसलाधार बारिश ने कजरी तीज का स्वागत किया। गत दो दिनों से उमस और गर्मी की मार झेल रहे लोगों को मौसम के करवट लेने बाद हुई झमाझम ने राहत दी। बीते दो दिनों से राजधानी में बादल छाए रहने के बाद आज बुधवार को शहर में कुछ जगहों पर छितराई बारिश हुई। ब्यावर शहर में भी सुबह से ही बरसात की झड़ी लगी रही। अलवर, उदयपुर में भी बारिश ने लोगों को राहत दी। मंगलवार शाम को भी राजधानी के कुछ स्थानोंं पर बारिश हुई, लेकिन पूरे शहर में बारिश न होने से लोगों को राहत नहीं मिली। सुबह से ही उमस से परेशानी रही। शाम होते ही फिर आसमान में बादल तो छाए। लेकिन बरसे नहीं। मानसरोवर, महेश नगर, सीकर रोड, विद्याधर नगर सहित कुछेक इलाकों में करीब 20 मिनट तक बारिश हुई। बारिश के बाद मौसम में बदलाव नजर आया। हांलाकि यह बारिश कलेक्ट्रेट और सांगानेर एयरपोर्ट दोनों जगहों पर दर्ज नहीं हो पाई।
अगले 24 घंटे में भारी बारिश की चेतावनी
मौसम विभाग ने अलवर, भरतपुर, दौसा, धौलपुर, करौली, कोटा, सवाईमाधोपुर, टोंक जिलों में अगले 24 घंटे में भारी बारिश की चेतावनी दी है। मौसम वैज्ञानिकों के अनुसार उत्तरी हरियाणा में बने चक्रवाती तंत्र के असर से बीते चौबीस घंटे में प्रदेश के पूर्वी इलाकों में मानसूनी हलचल बढ़ रही हैख्, लेकिन प्रदेश के पश्चिमी जिलों को अब भी झमाझम बारिश के लिए लंबा इंतजार करना पड़ सकता है। बीते चौबीस घंटे में राजधानी समेत पूर्वी जिलों में हल्की व मध्यम बारिश रिकॉर्ड हुई है। वहीं पश्चिम के कुछ जिलों में भी बारिश रिकॉर्ड हुई है। बीसलपुर बांध में एक सेमी बढ़ा जलस्तर बीसलपुर बांध के जलस्तर में आज एक सेंटीमीटर बढ़ोतरी हुई और आज सुबह सात बजे बांध का जलस्तर 309.25 आरएल मीटर दर्ज हुआ है।
भीलवाड़ा में मूसलाधार
भादो माह की शुरुआत झमाझम बारिश के साथ हुई। बुधवार सुबह मूसलाधार बारिश से कजरी तीज का स्वागत किया। इससे मौसम में हर चेहरे पर रौनक आ गई। गत दो दिनों से उमस और गर्मी की मार झेल रहे लोगों को मौसम के करवट लेने बाद हुई झमाझम ने राहत दी। सुबह से ही आसमान में काली घटाएं छाई हुई थी। उसके बाद झमाझम बारिश का दौर शुरू हुआ।इससे सडक़ पर पानी बह गया। उधर, जिले के कई ग्रामीण क्षेत्रों में अच्छी बरसात हुई है। जिले के गेंदलिया, फूलियाकलां, शक्करगढ, बाकरा, काबरी, खजुरी, भगुनगर, टीटोडा जागीर में देर रात से ही बारिश का दौर जारी है। वहीं बारिश से नदी नालों में पानी की आवक है तो शाहपुरा क्षेत्र के अरवड़ बांध का गेज साढ़े छह फीट पहुंच गया है।
ब्यावर में बरसात की लगी झड़ी
ब्यावर शहर में सुबह से ही बरसात की झड़ी लगी रही। कभी तेज तो कभी रिमझिम बरसात का दौर दिनभर चला। इससे मौसम सुहावना हो गया। आसपास के पिकनिक स्पॉट व बाग बगीचों में लोगों की चहल पहल देखी गई। बुधवार को सुबह करीब आठ बजे से रिमझिम का दौर हुआ और रूक-रूक कर चलता रहा। दोपहर करीब बारह बजे तेज बरसात भी हुई। इस दौरान सडक़ों से पानी बह निकला और निचले इलाकों में पानी भर गया। स्कूली बच्चों को भी स्कूल जाने व आने के समय परेशानी उठानी पड़ी। बरसात से किसानों के चेहरे पर रौनक आई है।
अलवर में बारिश से सडक़ बनी दरिया
बुधवार दोपहर 12:00 बजे बरसात होने के बाद शहर के काली मोरी ओवर ब्रिज के पास नाला अवरुद्ध होने से सडक़ पर भारी पानी जमा हो गया। नाले के गंदे पानी में होकर राहगीरों को गुजरने में बड़ी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। पानी का बहाव इतना तेज था कि पानी पार्क करने में वाहन चालकों के वाहन बंद होने लगे जिससे उन्हें वाहनों को घसीटते हुए पानी में से निकलना पड़ा।
बारिश के दौर के बीच जारी राजस्थान गौरव यात्रा
जैतारण में रिमझिम बारिश के दौर के बीच राजस्थान गौरव यात्रा कार्यक्रम पांडाल में अच्छी भीड़ जमा रही। सभी मुख्यमंत्री का बेसब्री से इंतज़ार करते दिखे।
Updated on:
29 Aug 2018 02:34 pm
Published on:
29 Aug 2018 02:33 pm
