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विधायक की फर्जी प्लेट लगी कार जब्त, आरोपी बोला: बालमुकुंदाचार्य की है, सिपाही बोला- जानता हूं बाबा की गाड़ी, फिर कहा: 20 हजार लेकर मामले को खत्म करो

चालक ने खुद को हवामहल विधायक बालमुकुंदाचार्य का करीबी बताकर बचने की कोशिश की और ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल को 20 हजार रुपए की रिश्वत देने का ऑफर भी दिया।

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जयपुर। राजधानी में वीआईपी कल्चर का रौब झाड़कर पुलिस को गुमराह करने का सनसनीखेज मामला सामने आया है। यातायात पुलिस ने हाथोज इलाके में कार्रवाई करते हुए एक ऐसी कार को जब्त किया है, जिस पर अवैध रूप से 'विधायक' की नेमप्लेट लगी हुई थी। चालक ने खुद को हवामहल विधायक बालमुकुंदाचार्य का करीबी बताकर बचने की कोशिश की और ड्यूटी पर तैनात हेड कांस्टेबल को 20 हजार रुपए की रिश्वत देने का ऑफर भी दिया। फिलहाल गाड़ी को कालवाड़ थाने में खड़ा करवा दिया है।

विधायक के नाम पर रौब, सिपाही की सतर्कता से खुली पोल

हाथोज इलाके में यातायात पुलिस की टीम वाहनों की चेकिंग कर रही थी। इसी दौरान एक कार वहां से गुजरी जिस पर 'विधायक' लिखा हुआ था। संदेह होने पर जब हेड कांस्टेबल धारासिंह ने गाड़ी को रुकवाया तो चालक श्याम पुत्र बनवारी निवासी झोटवाड़ा ने रौब झाड़ना शुरू कर दिया। चालक ने दावा किया कि यह गाड़ी विधायक बालमुकुंदाचार्य की है और उन्हें तुरंत जाने दिया जाए। इस पर कांस्टेबल धारासिंह ने कहा कि वह विधायक बालमुकुंदाचार्य और उनकी असली गाड़ी को अच्छी तरह पहचानते हैं।

दिया 20 हजार की रिश्वत का ऑफर

जब विधायक बालमुकुंदाचार्य का नाम काम नहीं आया तो आरोपी चालक श्याम ने मामला रफा-दफा करने के लिए 20 हजार रुपए की रिश्वत देने का लालच दिया। चालक ने कहा कि पैसे रखो और बात यहीं खत्म करो। जब पुलिसकर्मी ने रिश्वत लेने से इनकार कर दिया तो वहां एक अन्य व्यक्ति पहुंचा और धमकाते हुए कहा कि गाड़ी जब्त करके कौन से कलक्टर बन जाओगे।

सलुंबर के नाम पर रजिस्ट्रेशन, जयपुर में 'फर्जी' विधायक

पुलिस ने जब गाड़ी के दस्तावेजों की जांच की तो एक और बड़ा खुलासा हुआ। विधायक लिखी इस गाड़ी का रजिस्ट्रेशन शाहदरा, सलुंबर निवासी तुषार पुत्र प्रेम कुमार के नाम पर है। यानी गाड़ी का विधायक बालमुकुंदाचार्य या उनके कार्यालय से कोई आधिकारिक संबंध नहीं पाया गया। चालक ने सिर्फ पुलिस के डर से बचने और रास्तों पर अवैध वीआईपी सुविधा पाने के लिए फर्जी नंबर प्लेट का सहारा लिया था।

ट्रैफिक सीआई की सख्ती, कालवाड़ थाने में गाड़ी जब्त

मामले की गंभीरता को देखते हुए हेड कांस्टेबल धारासिंह ने तुरंत अपनी उच्चाधिकारी ट्रैफिक सीआई कविता शर्मा को पूरी घटना से अवगत कराया। सीआई कविता शर्मा के निर्देश पर पुलिस ने तत्काल कार्रवाई करते हुए फर्जी नंबर प्लेट लगी गाड़ी को जब्त कर लिया। सीआई कविता शर्मा ने पुष्टि की कि हाथोज इलाके में फर्जीवाड़ा कर चलाई जा रही इस कार को पकड़कर कालवाड़ थाने भिजवा दिया गया है। पुलिस अब इस मामले की जांच कर रही है।

थानाधिकारी बोले: 'हमें जानकारी ही नहीं'

हैरानी की बात यह रही कि जहां ट्रैफिक पुलिस ने इतनी बड़ी कार्रवाई की, वहीं कालवाड़ पुलिस इससे बेखबर दिखी। कालवाड़ थानाधिकारी सुरेश ने बताया कि उन्हें इस जब्ती के बारे में आधिकारिक तौर पर कोई सूचना नहीं दी गई है। उन्होंने कहा यातायात विभाग को इस कार्रवाई की जानकारी हमें देनी चाहिए थी। हालांकि अब मैं मामले की पूरी जानकारी ले रहा हूं और जो भी तथ्य सामने आएंगे, उसके आधार पर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।