
संसद के बजट सत्र में भारतीय अर्थव्यवस्था पर श्वेत पत्र पर अल्पकालिक चर्चा के दौरान शनिवार को राज्यसभा सदस्य घनश्याम तिवाड़ी ने कहा कि यह चर्चा भ्रष्टाचार बनाम विकास की है। जहां विगत सरकार का दशक अव्यवस्था, अनाचार और भ्रष्टाचार का रहा, वहीं मोदी सरकार का दशक भारत की प्रगति, पराक्रम और पौरूष का रहा है।
उन्होंने चाणक्य के कथन 'वह राज्य किस काम का जो आम जनता के लिए ना हो' का उदाहरण देते हुए कहा कि अकाल पड़ने पर राजा को जनता की सेवा करनी चाहिए, जिसे पीएम मोदी ने चरितार्थ किया है। कोरोना काल में 200 करोड़ से अधिक वैक्सीन लगाने का रिकॉर्ड बनाया और देश की जनता को उस गंभीर बीमारी से बचाने का कार्य किया। भारत की अर्थव्यवस्था जो 10 वर्ष पूर्व 10 वें स्थान पर थी वह आज 5 वें स्थान पर आ गई है। तिवाड़ी ने कहा कि देश में पूर्व में जितने भी आन्दोलन हुए सभी में रोटी, कपड़ा और मकान की लड़ाई होती थी। आज केन्द्र सरकार ने देश की जनता को मुफ्त राशन देने का कार्य किया और जिनके पास मकान नहीं थे, उन्हें प्रधानमंत्री आवास योजना से लगभग 4 करोड़ मकान उपलब्ध कराए। 10 वर्ष पूर्व विदेशी फन्ड भारत में 330 बिलियन डॉलर था, वो आज 617 बिलियन डॉलर हो गया है। केन्द्र सरकार के दशक में देश में 1467 से अधिक विश्वविद्यालय भारत में खुले, शिक्षा नीति लागू की गई।
ईआरसीपी का जिक्र, गहलोत सरकार को घेरा
तिवाड़ी ने चर्चा के दौरान राजस्थान की पूर्वी राजस्थान नहर परियोजना का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि राजस्थान की पूर्व सरकार द्वारा इस परियोजना को लटकाए रखा, लेकिन राजस्थान, मध्यप्रदेश और केन्द्र सरकार मिलकर इस परियोजना को पास किया। तिवाड़ी ने इसके साथ शेखावाटी में भी गंगा जमुना के फ्लड वॉटर लाने के लिए भी बात रखी। उन्होंने कहा कि शेखावाटी में नहर से पानी लाने के लिए कार्यरत सुजला शेखावाटी समिति, सीकर द्वारा केन्द्रीय जलशक्ति मंत्री तथा मुख्यमंत्री राजस्थान को अवगत कराया तथा ज्ञापन दिया। तिवाड़ी ने शेखावाटी क्षेत्र के झुन्झुनू, चूरू और सीकर जिलों में नहर से पानी लाने के लिए केन्द्र सरकार पर विश्वास जताया।
Published on:
10 Feb 2024 07:23 pm
बड़ी खबरें
View Allजयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
