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गुर्जर-मीणा की जाजम पर सत्ता का सियासी कालीन बुन रही भाजपा और कांग्रेस

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शनिवार को जब मालासेरी में गुर्जर समुदाय के आराध्य देवनारायण जयंती कार्यक्रम में शिरकत कर रहे थे, तभी यह कार्यक्रम भी तय हो गया कि वह 4 फरवरी को दौसा में दिल्ली-मुम्बई एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण करेंगे।

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पंकज चतुर्वेदी/जयपुर। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी शनिवार को जब मालासेरी में गुर्जर समुदाय के आराध्य देवनारायण जयंती कार्यक्रम में शिरकत कर रहे थे, तभी यह कार्यक्रम भी तय हो गया कि वह 4 फरवरी को दौसा में दिल्ली-मुम्बई एक्सप्रेस-वे का लोकार्पण करेंगे। स्थान तय हुआ नांगल राजावतान की मीणा अथाई। पूर्वी राजस्थान की सियासत के नजरिए से देखें तो, महज एक सप्ताह के अंतराल पर पीएम का दोनों समुदायों की जाजम पर बैठना कतई भी संयोग जैसा नहीं।

राजनीति के जानकार मान रहे हैं कि पूर्वी राजस्थान के सात जिलों दौसा, करौली, सवाईमाधोपुर, टोंक, अलवर, भरतपुर, धौलपुर के राजनीतिक समीकरणों को साधने के लिए अब भाजपा और कांग्रेस दोनों ही पार्टी गुर्जर-मीणा समुदाय के जरिए सत्ता का रास्ता मजबूत करने में जुटी हैं। राहुल की भारत जोड़ो यात्रा से लेकर पीएम मोदी के दौरे तक दोनों समुदायों को केन्द्र में रखकर भाजपा और कांग्रेस के निर्णयों को देखें तो स्थिति स्वत: ही स्पष्ट हो जाती है। ऐसा जरूरी भी है, क्योंकि मामला सीधे-सीधे इन सात जिलों की 39 विधानसभा सीटों का है।

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गुर्जर और मीणा वोटों का प्रभाव देखें तो 39 में से तकरीबन 25 से 28 सीटों पर इनका प्रभाव है। पिछले विधानसभा चुनाव में इनमें से भाजपा के हाथ सिर्फ 4 सीटें लगी थी। ऐसे में पीएम मोदी के प्रभाव का इस्तेमाल कर भाजपा चाहेगी कि कांग्रेस के गढ़ में सेंधमारी की जाए। दूसरी ओर, कांग्रेस भी क्षेत्र में अपनी मजबूती के लिए किसी भी सियासी दांव से परहेज नहीं करना चाहती।

...मुश्किल है समीकरण साधना:
दोनों समुदायों को एक साथ साध पाना बेहद मुश्किल है। क्षेत्र के स्थानीय मुद्दे और समीकरण इसमें बाधा नजर आते हैं। पांचना बांध से सिंचाई का मामला हो या आरक्षण प्रकरण, सरकारों के लिए ऐसे मुद्दों पर दोनों समुदायों और क्षत्रपों को एक कर पाना दूर की कौड़ी साबित हुआ है।

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भाजपा:
पीएम मोदी का मालासेरी में देवनारायण जन्मोत्सव में शिरकत करना। गुर्जरों के बीच भाजपा की पैठ बढ़ाने की कवायद।

एक्सप्रेस वे के उद्घाटन के लिए मीणा अथाई का चुनाव। मीणा समुदाय के लिए इस स्थान की विशेषता ऐसी है कि इसे मीणा हाइकोर्ट के नाम से जाना जाता है।

बीते दिनों में विभिन्न कार्यक्रमों के सिलसिले में केन्द्रीय मंत्री पीयूष गोयल, संजीव बालियान, संघ पदाधिकारियों ने दौसा में लोगों से संवाद किया।

कांग्रेस:
दिसंबर में भारत जोड़ो यात्रा के दौरान राहुल गांधी मीणा हाइकोर्ट पहुंचे। यहां रसिया दंगल में हिस्सा लिया। रात भी गुजारी।

हाल ही पीएम मोदी की यात्रा से ठीक पहले गहलोत सरकार ने देवनारायण जयंती का राजकीय अवकाश घोषित कर दिया।

भारत जोड़ो यात्रा के दौरान गुर्जर-मीणा बाहुल्य दौसा जिले के मंत्रियों, विधायकों ने भारी संख्या में लोग जुटाकर शक्ति प्रदर्शन किया। राहुल भी प्रभावित हुए।