5 सितंबर 2026,

शनिवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

पुलवामा हमले में बाल-बाल बचे जवान ने बताया हमले का आंखों देखा हाल, आतंकी ने कैसे दिया हमले को अंजाम

पुलवामा हमले में घायल एक जवान ने आतंकवादी हमले का आंखों देखा हाल बताया है।
2 min read
Google source verification
Pulwama attack

जयपुर। पुलवामा हमले में राजस्थान के सीकर के थोई कल्याणपुरा निवासी राजकुमार झाझडिय़ा के बाद एक और जवान ने आतंकवादी हमले का आंखों देखा हाल बताया है। हमले में घायल जवान ने बताया कि आतंकी आदिल अहमद डार पहली कोशिश में अपनी गाड़ी काफिले में नहीं घुसा पाया था।

वह 2 बसों के बीच में गाड़ी घुसाने की कोशिश करना चाह रहा था, लेकिन रोड ओपनिंग पार्टी के जवान आगे आ गए। इसके बाद उसने काफिले की 5वीं बस में गाड़ी भिड़ा दी। पुलवामा हमले में 40 जवान शहीद हो गए थे। गृह मंत्री राजनाथ सिंह शुक्रवार को अस्पताल में जवानों का हालचाल जानने के लिए पहुंचे तो चश्मदीद जवान ने उनको यह बात बताई।

अफसरों के मुताबिक, सीआरपीएफ के काफिले में 78 वाहन थे। इनमें 16 बुलेट प्रूफ बंकर भी शामिल थे। आतंकी हाईवे पर काकापोरा-लेलहर की तरफ से आया और काफिले के समांतर ही चल रहा था। उसने काफिले की 5वीं बस में गाड़ी टकरा दी। इस बस में बैठे 39 जवान शहीद हो गए। इसके अलावा रोड ओपनिंग पार्टी का एक जवान भी शहीद हुआ।

इससे पहले सीकर के राजकुमार ने बताया था कि उनकी आंखों के सामने 40 साथी शहीद हो गए। राजकुमार ने बताया कि वे सेना की सबसे आगे चल रही गाड़ी में सवार थे। अचानक पीछे चल रही एक बस में जोरदार धमाका हुआ और बस के परखच्चे उड़ गए। अफरा-तफरी का माहौल बन गया। इसके बाद राजकुमार और उनके साथियों ने मोर्चा संभाला और घायल जवानों को बचाने लगे। वहां हाल रूह को झकझोर देने वाला था। धमाके में शवों के चिथड़े उड़ गए।

पुलवामा हमले की जांच शनिवार को दूसरे दिन भी जारी रही। शुरुआती जांच में यह आशंका जताई जा रही है कि हमलावर जैश-ए-मोहम्मद के आतंकी आदिल ने गाड़ी में गैस सिलेंडरों में विस्फोटक भर रखा था। गाड़ी में तीन गैस सिलेंडर के मौजूद होने की बात सामने आ रही है। हालांकि, इस बारे में सुरक्षा एजेंसियों की ओर से कोई भी खुलासा नहीं किया गया है।