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राजस्थान में फिर मानसून मेहरबान, आधा दर्जन से अधिक बांधों से पानी निकासी

Rajasthan Weather Forecast: राजस्थान में फिर से मानसून के मेहरबान होने से अच्छी बरसात का दौर चलने से अब तक छोटे बड़े 334 बांध लबालब हो चुके है। पानी की आवक बढऩे से आधा दर्जन से अधिक बांधों से पानी की निकासी की जा रही है।
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जयपुर

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kamlesh sharma

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Updated: 1 Sep 2019, 5:35 PM IST

rajasthan heavy rain

जयपुर। Rajasthan Weather Forecast: राजस्थान में फिर से मानसून (Rajasthan Monsoon) के मेहरबान होने से अच्छी बरसात का दौर चलने से अब तक छोटे बड़े 334 बांध लबालब हो चुके है। पानी की आवक बढऩे से आधा दर्जन से अधिक बांधों से पानी की निकासी की जा रही है। वहीं मौसम विभाग ने सोमवार तक कुछ स्थानों पर भारी बारिश की चेतावनी भी दी गई है।

जल संसाधन विभाग के अनुसार प्रदेश में गत एक जून से एक सितम्बर तक 617.26 मिलीमीटर बरसात हो चुकी है जो सामान्य वर्षा 449.79 से 37.2 प्रतिशत अधिक है। इस दौरान अब तक एक स्थान पर सबसे अधिक 1914 मिलीमीटर बारिश झालावाड़ के डग में हुई है। इसी तरह इस दौरान एक ही दिन में गत 16 अगस्त को चित्तौडगढ़़ के बेगू में सर्वाधिक 302 मिलीमीटर वर्षा दर्ज की गई।

810 बांधों में 334 बांध लबालब
प्रदेश में रविवार को सबसे ज्यादा बारिश बांसवाड़ा के दानपुर में 110 मिलीमीटर बारिश रिकॉर्ड की गई। इस बार अच्छी बरसात के कारण राज्य के कुल 810 बांधों में 334 बांध लबालब हो गए, जिनमें 115 बांध बड़े है।

इस दौरान 309 बांध आंशिक रुप से भर गए। हालांकि अभी 167 बांध खाली है। इससे प्रदेश के बांधों में अब तक जल स्तर 10264.71 एमक्यूएम पहुंच गया जो भराव क्षमता का 80.81 प्रतिशत है।

इसी तरह राज्य के 22 वृहद बांधों का जल स्तर भराव क्षमता का 90.81 प्रतिशत पहुंच गया। इस दौरान पिछले साल प्रदेश के बांधों का जल स्तर 6722.23 एमक्यूएम था। पिछले साल इस दौरान राज्य में 422.02 मिलीमीटर बरसात हुई थी।

आधा दर्जन से अधिक बांधों से पानी की निकासी
पानी की आवक बढऩे के कारण राजधानी जयपुर सहित कई जिलों को पेयजल आपूर्ति कराने वाले टोंक जिले के बीसलपुर बांध सहित राज्य के आधा दर्जन से अधिक बांधों से पानी की निकासी की जा रही है।

बीसलपुर बांध से 24040 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। इसी तरह बांसवाड़ा के माही बजाज सागर बांध के छह गेटों के जरिए 18177.97 क्यूसेक, कोटा के कोटा बैराज बांध के दो गेट से 9838.98 क्यूसके, डूंगरपुर के सोम कमला अम्बा बांध के चार गेटों के माध्यम से 19126.06 क्यूसेक, झालावाड़ के कालीङ्क्षसध बांध का एक गेट खोलकर 6282.49 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। इसी तरह चित्तौडगढ़़ में राणा प्रताप सागरबांध, कोटा का जवाहर सागर एवं प्रतापगढ़ का जाखम डेम से पानी की निकासी की जा रही है।

20 जिलों में सामान्य से अधिक बारिश
प्रदेश में अब तक बीस जिलों में सामान्य से अधिक बरसात हो चुकी है। जिसमें अजमेर, बूंदी, झुंझुनूं, नागौर, राजसमंद एवं सीकर जिलों में असामान्य वर्षा हुई जबकि नौ जिलों में सामान्य बारिश दर्ज की गई। हालांकि राज्य में औसत सामान्य से अधिक वर्षा होने के बावजूद राज्य के हनुमानगढ, श्रीगंगानगर, अलवर एवं करौली जिलों में अभी भी बरसात की कमी बनी हुई है। इनमें हनुमानगढ़ जिले में सर्वाधिक 44.8 प्रतिशत बरसात की कमी है। हनुमानगढ़ में अब तक केवल 121.43 मिलीमीटर वर्षा हुई है।

गौरतलब है कि गत साल इस दौरान 11 जिलों में बरसात की कमी बनी हुई थी और केवल चार जिलों में ही सामान्य से अधिक बारिश हुई थी। मौसम विभाग के अनुसार सोमवार तक कुछ स्थानों पर भारी बरसात की चेतावनी दी गई है। इससे राज्य के बीकानेर, बांसवाड़ा, डूंगरपुर, चित्तौडगढ़, जैसलमेर एवं जोधपुर जिले में अच्छी बारिश होने की संभावना है।