
संजय बड़ाया और पूर्व मंत्री महेश जोशी। फोटो पत्रिका
Rajasthan JJM Scam Case : जल जीवन मिशन (जेजेएम) घोटाले मामले में विदेश जाने वाले संजय बड़ाया की गिरफ्तारी के लिए एसओजी ने लुक आउट नोटिस जारी करवाया है। संजय बड़ाया पूर्व मंत्री महेश जोशी की गिरफ्तारी से दो दिन पहले ही विदेश चला गया था। इसके चलते एसओजी उसको पकड़ नहीं सकी।
संजय बड़ाया पर आरोप है कि महेश जोशी के लिए बंधी के पैसे एकत्र करने का काम था। डीआइजी डॉ. रामेश्वर सिंह ने बताया कि संजय बड़ाया के जयपुर एयरपोर्ट पर आने या फिर अन्य किसी भी एयरपोर्ट पर पहुंचने पर पकड़ने के लिए लुक आउट नोटिस जारी करवाया है।
सूत्रों के मुताबिक, गिरफ्तार पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी के खिलाफ एसीबी अपने स्तर पर ही सबूत जुटा रही है। रिमांड अवधि के दौरान जोशी से रविवार रात तक कुल 24 घंटे पूछताछ की गई। इस दौरान जोशी से जेजेएम घोटाले के लिए किए गए फर्जीवाड़े और ठेकेदार व जलदाय अधिकारियों से एकत्र की जाने वाली घूस की रकम के संबंध में कई सवाल पूछे।
हालांकि जोशी ने फर्जीवाड़े के संबंध में फाइल नीचे अधिकारियों से उनके पास पहुंचना बताया, जिसे उन्होंने एप्रूव की। घूस की रकम के संबंध में उन्होंने इनकार कर दिया। रिमांड अवधि पूरी होने के बाद सोमवार को जोशी को एसीबी कोर्ट में पेश किया जाएगा।
एसीबी की चार्जशीट और प्रारंभिक जांच के आधार पर यह संकेत मिल रहे हैं कि यदि इस मामले में भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत दोष सिद्ध होता है, तो पूर्व जलदाय मंत्री महेश जोशी और सेवानिवृत्त आईएएस सुबोध अग्रवाल सहित अन्य आरोपियों को अधिकतम 10 वर्ष तक के कठोर कारावास की सजा हो सकती है।
बहुचर्चित 960 करोड़ रुपए के जल जीवन मिशन (जेजेएम) घोटाले में पिछली कांग्रेस सरकार में जलदाय मंत्री रहे महेश जोशी को एसीबी ने 7 मई को उनकी शादी की सालगिरह के दिन गिरफ्तार किया था। गिरफ्तारी के बाद मेडिकल टेस्ट की प्रक्रिया पूरी की गई और एसीबी अदालत में पेश किया गया था।
अदालत ने महेश जोशी को 11 मई तक एसीबी रिमांड पर भेज दिया था। इससे पहले इसी मामले में जलदाय विभाग के तत्कालीन अतिरिक्त मुख्य सचिव रहे सुबोध अग्रवाल की 9 अप्रेल को गिरफ्तारी हो चुकी है। अभी वे जेल में है।
Published on:
11 May 2026 07:13 am
बड़ी खबरें
View Allजयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
