
जयपुर
देश के प्रधानमंत्री दुनिया की सबसे बड़ी हैल्थ स्कीम लाने की तैयारी में जुटे हैं और इधर राजस्थान के सरकारी अस्पताल अभी तक इन स्कीम्स के हिसाब से डवलप नहीं हो पा रहे हैं। सरकार बड़े स्तर पर अस्पतालों में उत्तम सेवाओं के लिए करोड़ों का बजट दे रही है लेकिन स्थानीय प्रशासन की लापरवाही के चलते अक्सर सरकार घिर जाती है। ताजा मामला धौलपुर जिले का है। यहां के एक सरकारी अस्पताल में चुपचाप एक शख्स घुसा, महिलाओं के वार्ड में जा पहुंचा और महिलाओं को ड्रिप और इंजेक्शन लगाने लग गया। मामला खुला तो वह भाग छूटा। वह स्थानीय दुधिया बताया जा रहा है। उसकी जिम्मेदारी न तो अस्पताल प्रशासन ले रहा है और न ही अस्पताल में मरीजों की सेवा करने आने वाल कॉलेज के छात्र। लेकिन उसकी इस हरकत से अस्पताल की सुरक्षा पर बट्टा लग गया है।
स्टाफ नदारद था तो महिला वार्ड में घुस गया दूधिया
दरअसल रविवार दोपहर जिले के सरकारी अस्पताल में महिला वार्ड में महिला स्टाफ नदारद था। कुछ स्टाफ लंच पर था तो कुछ अस्पताल छोड़कर जा चुका था। इसी दौरान वार्ड में भर्ती महिला मरीजों के परिजनों ने प्रबंधन को इसकी जानकारी दी और मरीजों को इंजेक्शन और ड्रिप लगाने की बात कही। अस्पताल प्रबंधन ने जल्द ही इसका इंतजाम करने को कहा तो मरीजों के परिजन चले गए। कुछ देर के बाद एक युवक वार्ड में घुसा, उसने दो महिला मरीजों को इंजेक्शन लगा दिया और दो के ड्रिप चढ़ा दी। इस बीच परिजनों ने महिला वार्ड में पुरुष के घुसने की शिकायत की तो ड्रिप लगाने वाला शख्स फरार हो गया।
लोगों का कहना दूधिया था, आसपास दूध बेचता है
मरीज के परिजनों ने जब इसकी शिकायत की तो जांच शुरु हुई। पता चला कि ड्रिप लगाने वाला शख्य दूधिया था और वह आसपास के क्षेत्र में दूध बेचता था। उसकी तलाश की लेकिन वह नहीं मिला। इस पर परिजनों ने प्रबंधन को इसकी शिकायत की। लोगों का कहना था कि इससे पहले भी जिला अस्पताल में बाहरी लोगों के गलत तरीके से घुसने की घटनाएं हो चुकी है।
Updated on:
18 Jun 2018 12:13 pm
Published on:
18 Jun 2018 12:04 pm
