16 फ़रवरी 2026,

सोमवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

सुनने की उम्मीद लिए आते हैं SMS अस्पताल, सिस्टम उनकी आवाज नहीं सुनता, जानें पूरा सच

सवाई मानसिंह (एसएमएस) अस्पताल के ईएनटी विभाग में बेरा (बीईआरए) और ऑडियोमैट्री जैसी महत्वपूर्ण जांच सेवाएं संसाधनों और प्रशिक्षित तकनीशियनों की कमी के कारण बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं।

2 min read
Google source verification

राजस्थान में कॉ​क्लियर इंप्लांट, पत्रिका फोटो

Cochlear implant in Rajasthan: सवाई मानसिंह (एसएमएस) अस्पताल के ईएनटी विभाग में बेरा (बीईआरए) और ऑडियोमैट्री जैसी महत्वपूर्ण जांच सेवाएं संसाधनों और प्रशिक्षित तकनीशियनों की कमी के कारण बुरी तरह प्रभावित हो रही हैं। रोजाना सैकड़ों की संख्या में आने वाले मरीजों की अपेक्षा में विभाग के पास न तो पर्याप्त मानव संसाधन हैं और न ही पर्याप्त मशीनें, जिससे विभागीय कार्यप्रणाली पर सीधा असर पड़ रहा है।

तकनीशियन की कमी से जांचें सीमित

ईएनटी विभाग में बेरा जांच के लिए कुल चार मशीनें हैं, लेकिन इन पर कार्य करने के लिए केवल दो तकनीशियन ही उपलब्ध हैं। वहीं ऑडियोमैट्री जांच के लिए पहले तीन तकनीशियन कार्यरत थे, जिनमें से एक जुलाई 2023 में सेवानिवृत्त हो चुके हैं। सेवा विस्तार के लिए सरकार को पत्र भेजा गया है। अब तक कोई जवाब नहीं मिला है। स्पीच थेरेपी के क्षेत्र में भी विभाग एक अतिरिक्त स्पीच थैरेपिस्ट की कमी से जूझ रहा है।

ईएनटी विभाग पर सामान्य मरीजों के साथ-साथ मेडिकल बोर्ड से जुड़े केसों का भी अतिरिक्त भार है, जिनमें दिव्यांग प्रमाण पत्र, वरिष्ठ नागरिकों की जांच, सरकारी भर्तियों से पूर्व चयनित अभ्यर्थियों का परीक्षण, एमएलसी और अन्य प्रमाणन शामिल हैं।

राज्यभर से रेफर हो रहे केस (प्रति माह)

बेरा जांच के लिए: प्रतिदिन 15-20 अतिरिक्त रेफर केस
ऑडियोमैट्री जांच के लिए: प्रतिदिन 35-40 अतिरिक्त केस

अस्पतालक्षेत्र रेफर केस
कांवटिया अस्पताल 90
जेएलएन, अजमेर 60
कोटपूतली-बहरोड़ 26
टोंक 34
दौसा-गंगापुर 24
सवाई माधोपुर18
आरयूएचएस, जयपुर 15
जमवारामगढ़ 06
बस्सी 07
चौमू 03
धौलपुर12
अलवर 23
भरतपुर 27
करौली-हिण्डौन 23
चूरू 03
भीलवाड़ा 09
जयपुर ग्रामीण 06

यह भी पढ़ें:राजस्थान के कई निजी अस्पतालों ने बनाए अपने नियम, डॉक्टर को दिखाना है तो आना होगा इतने घंटे पहले