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Rain Alert : राजस्थान में एक के बाद एक सक्रिय होंगे पश्चिमी विक्षोभ, अप्रेल में भी आंधी-बारिश की चेतावनी

Rajasthan Rain alert : राजस्थान में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने जा रहा है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार आगामी सप्ताह में एक के बाद एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से कई हिस्सों में आंधी और बारिश का दौर देखने को मिलेगा।

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rain in rajasthan

राजस्थान में आंधी-बारिश की चेतावनी। फोटो पत्रिका

Rajasthan Rain alert : जयपुर। राजस्थान में मौसम का मिजाज एक बार फिर बदलने जा रहा है। मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार आगामी सप्ताह में एक के बाद एक पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय होने से कई हिस्सों में आंधी और बारिश का दौर देखने को मिलेगा। पिछले 24 घंटों में भी राज्य के कई भागों में आंधी-बारिश दर्ज की गई। पूर्वी राजस्थान के कोटा जिले के लाडपुरा में सर्वाधिक 34 मिमी और पश्चिमी राजस्थान के नागौर जिले के मूंडवा में 24 मिमी बारिश दर्ज हुई।

मौसम विभाग के अनुसार एक अप्रेल को उदयपुर और कोटा संभाग के कुछ स्थानों पर हल्की बारिश हो सकती है, जबकि प्रदेश के अन्य भागों में मौसम मुख्यतः शुष्क रहेगा। वहीं 2 अप्रेल की रात को जैसलमेर, बाड़मेर और फलोदी जिलों के आसपास आंधी-बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।

पश्चिमी विक्षोभ रहेंगे सक्रिय

मौसम केंद्र ने चेतावनी दी है कि अप्रेल के पहले सप्ताह में लगातार पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय रहेंगे। खासतौर पर 3 और 4 अप्रेल को एक मजबूत पश्चिमी विक्षोभ के असर से जोधपुर, बीकानेर, अजमेर, जयपुर, भरतपुर और कोटा संभाग के कई इलाकों में तेज मेघगर्जन, आंधी और बारिश होने की प्रबल संभावना है।

किसानों के लिए विशेष सलाह

मौसम विभाग ने किसानों को सलाह दी है कि खुले में रखी पकी फसलों और मंडियों में रखे अनाज को सुरक्षित स्थान पर भंडारित करें या ढककर रखें, ताकि बारिश और आंधी से नुकसान से बचाया जा सके।

ओलावृष्टि से बढ़ी किसानों की चिंता

श्रीगंगानगर जिले के ग्रामीण क्षेत्रों से बारिश और ओलावृष्टि की खबरें सामने आई हैं। गांव 20 एलएम और नाहरांवाली में चने के आकार के ओले गिरने से खड़ी फसलों को नुकसान की आशंका है। हालांकि ओलावृष्टि की अवधि कम रहने से फिलहाल आंशिक नुकसान बताया जा रहा है, लेकिन गेहूं, सरसों और चने की कटाई के समय भी यदि ऐसा ही मौसम रहता है तो उत्पादन और गुणवत्ता दोनों प्रभावित हो सकते हैं। गांव 20 एलएम में आकाशीय बिजली गिरने से एक ही परिवार के तीन लोग झुलस गए। इनमें डेढ़ वर्षीय सन्नी, ढाई वर्षीय इशांत और उनकी 15 वर्षीय मौसी लक्ष्मी शामिल हैं। घडसाना के सरकारी अस्पताल में प्राथमिक उपचार के बाद तीनों का बीकानेर रेफर कर दिया गया।

सीकर में बारिश संग गिरे ओले

पश्चिमी विक्षोभ के बाद बने नए मौसम तंत्र से सीकर में मंगलवार को मौसम पूरी तरह बदल गया है। नए मौसम तंत्र के असर से सुबह से छाए बादल दोपहर बाद बरस गए। बारिश के साथ जिला मुख्यालय, फतेहपुर सहित कई स्थानों पर छितराए ओले गिरे। जिले में इस समय रबी फसलों की कटाई और प्याज की खुदाई चल रही है। तेज हवाओं के कारण पकी-पकाई फसलें खेतों में बिछ गई और चने का फाल झड़ गया।