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Rajesh Pilot ने क्या मिजोरम पर वाकई दागे थे बम? जानें Sachin Pilot का जवाब और समर्थकों का आक्रोश

Rajesh Pilot Mizoram Bombing Controversy : भाजपा नेता के एक ट्वीट से शुरू हुए विवाद पर राजेश पायलट के पुत्र सचिन पायलट ने भी एन्ट्री मारी और स्वर्गीय पिता का पक्ष रखते हुए उनपर लगाए जा रहे तमाम आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया।a

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Rajesh Pilot Mizoram Bombing Controversy Sachin Pilot reacts to BJP

जयपुर।

कांग्रेस पार्टी के दिग्गज नेता रहे स्व. राजेश पायलट अचानक से चर्चा में आ गए हैं। उनके नाम को लेकर जुड़े एक पुराने विवाद के एक बार फिर से ज़िक्र होने पर कांग्रेस और भाजपा आमने-सामने हो गए हैं। नेताओं के ट्वीट वार के बीच सियासी पारा उबाल मारने लगा है।

भाजपा नेता के एक ट्वीट से शुरू हुए विवाद पर राजेश पायलट के पुत्र सचिन पायलट ने भी एन्ट्री मारी और स्वर्गीय पिता का पक्ष रखते हुए उनपर लगाए जा रहे तमाम आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया।

मालवीय के ट्वीट से शुरू हुआ विवाद
भाजपा नेता अमित मालवीय ने एक ट्वीट प्रतिक्रिया में लिखा, 'राजेश पायलट और सुरेश कलमाड़ी भारतीय वायुसेना के उन विमानों को उड़ा रहे थे, जिन्होंने 5 मार्च 1966 को मिजोरम की राजधानी आइजोल पर बम गिराये थे। बाद में इन दोनों को कांग्रेस पार्टी के टिकट पर सांसद और सरकार में मंत्री भी बनाया गया। स्पष्ट है कि नॉर्थ ईस्ट में अपने ही लोगों पर हवाई हमला करने वालों को इंदिरा गांधी ने बतौर इनाम राजनीति में जगह दी, सम्मान दिया।'

सचिन पायलट का पलटवार
भाजपा नेता अमित मालवीय के स्वर्गीय राजेश पायलट को लेकर किए गए ट्वीट पर पूर्व डिप्टी सीएम सचिन पायलट का भी बयान आया है। सचिन पायलट ने इन आरोपों पर पलटवार करते हुए कहा, 'स्व. राजेश पायलट 29 अक्टूबर 1966 को भारतीय वायु सेना में कमीशन हुए थे। यह कहना कि उन्होंने 5 मार्च 1966 में मिजोरम में बमबारी करी थी - काल्पनिक है, तथ्यहीन है और पूर्ण तरह भ्रामक है।'

पायलट ने आगे ये भी कहा कि राजेश पायलट 80 के दशक में एक राजनेता के रूप में मिजोरम में युद्ध विराम करवाने और स्थायी शांति संधि स्थापित करवाने गए थे और इसमें उन्होंने महत्वपूर्ण भूमिका ज़रूर निभाई थी।'

मालवीय का फिर किया जवाबी प्रहार
स्व. राजेश पायलट पर आरोप पर सचिन पायलट की सफाई और आरोपों को सिरे से खारिज कर देने के बाद भी मामला शांत नहीं हुआ। भाजपा नेता अमित मालवीय ने अपनी बात को सही साबित करने के लिए एक बार फिर जवाबी प्रहार किया। इस बार उन्होंने अपने ट्वीट में वरिष्ठ पत्रकारों का ज़िक्र करते हुए पूर्व की खबरों और ट्वीट्स का हवाला दिया।

मालवीय ने सचिन पायलट को टैग करते हुए लिखा, 'राजेश पायलट के मिजोरम हवाई हमले में शामिल होने का उल्लेख वर्ष 2011 में इंडियन एक्सप्रेस और वरिष्ठ पत्रकार शेखर गुप्ता भी कर चुके हैं। इसके बाद में वर्ष 2020 में शेखर गुप्ता ने यही बात दोहराई भी है। यही नहीं इंडियन एक्सप्रेस के वर्ष 2011 के इसी लेख का उपयोग सैकड़ों समाचार पोर्टल में भी बताया गया है कि राजेश पायलट मिजोरम बमबारी में शामिल थे।' मालवीय ने सचिन पायलट को सुझाव देते हुए आगे कहा कि हो सके तो कृपया शेखर और इंडियन एक्सप्रेस के खिलाफ कार्रवाई करें।

...इधर विकिपीडिया में भी ज़िक्र
राजेश पायलट ने मिजोरम पर बमबारी की थी या नहीं इसे लेकर गरमाई बहस जारी है। भाजपा के आरोपों को सचिन पायलट ने भी भ्रामक करार देते हुए खारिज किया है। लेकिन विकिपीडिया में भी इस घटना और राजेश पायलट की भूमिका का ज़िक्र है। स्व. राजेश पायलट की विकिपीडिया में साझा जीवनी में इस विवाद को लेकर बकायदा एक अलग से कॉलम दिया गया है।

मणिपुर बम विस्फोट विवाद के उप-शीर्षक से दी गई जानकारी में बताया गया है कि स्थानीय लोगों के दावे के अनुसार राजेश पायलट और सुरेश कलमाड़ी उन पायलटों में से एक थे, जिन्होंने मार्च 1966 में मिज़ो नेशनल फ्रंट विद्रोह के दौरान मणिपुर विद्रोहियों पर बमबारी की थी। इस मुद्दे का जिक्र अगस्त 2023 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी लोकसभा में किया था।

पायलट समर्थकों ने छेड़ दिया कैम्पेन
स्व. राजेश पायलट को लेकर पुराने विवाद का एक बार फिर ज़िक्र होने पर राजनितिक गलियारों से लेकर सोशल मीडिया तक में बहस जारी है। इस बीच पायलट समर्थकों ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म्स पर भाजपा नेता अमित मालवीय के खिलाफ कैंपेन छेड़ दिया। ट्विटर प्लेटफॉर्म पर बुधवार सुबह 9 शुरू हुआ कैंपेन हैश टैग ''अमित मालवीय माफ़ी मांग'' दोपहर होते-होते ऑल इंडिया टॉप ट्रेंड खबरों में शामिल हो गया।

पायलट समर्थकों का कहना था कि भाजपा नेता अमित मालवीय ने स्व. राजेश पायलट पर आरोप लगाकर सिर्फ राजेश पायलट का ही नहीं, बल्कि भारतीय सेना के साथ 140 करोड़ भारतीयों का भी अपमान किया है। समर्थकों ने मालवीय से अपना ट्वीट वापस लेने और पायलट परिवार के साथ देश से सार्वजनिक माफी की मांग की।