
करौली, मासलपुर। अभद्रता और मारपीट के आरोपों में जयपुर ग्रेटर नगर निगम के महापौर पद से निलम्बित की गई सौम्या गुर्जर का परिवार करौली जिले में पंचायत चुनावों में सक्रिय हो गया है। सौम्या गुर्जर की 70 वर्षीय सास रामपति पहली बार राजनीति के मैदान में उतरी हैं। वे करौली जिले में मासलपुर पंचायत समिति के वार्ड 2 से भाजपा के सिम्बल पर चुनाव लड़ रही हैं।
रामपति को प्रधान पद का दावेदार भी माना जा रहा है। रामपति भले ही चुनाव लड़ रही हैं, लेकिन चुनाव का सारा मोर्चा उनके पुत्र राजाराम गुर्जर ने ही संभाल रखा है। मासलपुर का वार्ड 2 सामान्य वर्ग का है, यहां तीन उम्मीदवार हैं और तीनों ही गुर्जर जाति से हैं। इस इलाके से एक दशक पहले सौम्या गुर्जर जिला परिषद सदस्य का चुनाव भी जीत चुकी हैं।
जिला प्रमुख पद के लिए भी राजाराम की लॉबिंग!
सवाईमाधोपुर निवासी वीणा चंदेल का आखिरी दौर में करौली जिले की मतदाता सूची में नाम जुड़ा और भाजपा ने उनको जिले के जिला परिषद वार्ड 19 से उम्मीदवार घोषित कर दिया। वीणा की उम्मीदवारी से क्षेत्र के भाजपाई भी चकित हैं। सूत्रों के अनुसार वीणा के पति को राजाराम का नजदीक माना जाता है। राजाराम अपने प्रभाव वाले गुर्जर बाहुल्य इलाके से वीणा चंदेल को मासलपुर क्षेत्र में लाकर जिला परिषद् सदस्य का चुनाव लड़वा रहे हैं।
राजाराम की पार्टी पर मजबूत पकड़ की चर्चा
पार्टी में राजाराम गुर्जर की मजबूत पकड़ की चर्चा हर तरफ हो रही है। पार्टी के नेता चर्चा कर रहे हैं कि उनके भाजपा नेता और विचार परिवार के कुछ बड़े पदाधिकारियों से रिश्ते इतने मजबूत हैं कि पहले उन्होंने अपनी पत्नी को जयपुर में लाकर महापौर बनवा लिया। अब फिर से करौली में पार्टी में अपनी मजबूती साबित करते हुए अपनी मां का टिकट दिलवाया और जिला प्रमुख पद भी अपने गुट की महिला को बनवाना चाह रहे हैं।
Updated on:
10 Dec 2021 05:01 pm
Published on:
10 Dec 2021 04:44 pm
बड़ी खबरें
View Allजयपुर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
