
अगर आप रामनिवास बाग जाने की सोच रहे थे, तो सावधान रहें! बाग की सफाई के इस ऑपरेशन का इंतजार करें और फिर जाकर इसकी खूबसूरती का आनंद उठाएं।
जयपुर। जयपुर के प्रसिद्ध रामनिवास बाग को 30 सितंबर और 1 अक्टूबर को अचानक बंद करने का फैसला किया गया है। यह खबर सुनकर लोग हैरान हैं, क्योंकि यहां हर दिन हजारों लोग सैर-सपाटे और अल्बर्ट हॉल के दर्शन के लिए आते हैं। लेकिन, क्या आपको पता है कि इस फैसले के पीछे एक बड़ा कारण है? अगर नहीं, तो पढ़िए और जानिए कि रामनिवास बाग को दो दिन के लिए क्यों सील किया जा रहा है!
चूहे बने बाग के दुश्मन!: दरअसल, रामनिवास बाग में चूहों की संख्या इतनी बढ़ गई है कि यह खूबसूरत बाग अब खतरे में पड़ गया है। चूहे न केवल बाग के पेड़-पौधों को नुकसान पहुंचा रहे हैं, बल्कि यहां की ऐतिहासिक हेरिटेज इमारतों के लिए भी बड़ा खतरा बन चुके हैं। जेडीए सचिव निशांत जैन के अनुसार, अल्बर्ट हॉल के सामने पक्षियों को दाना डालने, मंदिर-मजार के पास श्रद्धालुओं द्वारा गरीबों को भोजन कराने और बाग में लगे ठेलों की वजह से चूहों की समस्या विकराल हो चुकी है।
ग्लोबल समिट से पहले सफाई अभियान : जेडीए की रिव्यू मीटिंग में बाग के सौंदर्यीकरण को लेकर चर्चा हुई और तय किया गया कि इस समस्या का समाधान किया जाए। इस फैसले के तहत बाग में चूहों के बिलों में कीटनाशक डाले जाएंगे ताकि चूहे बाग से बाहर न आ सकें।
जेडीए का अनोखा उपाय: मीठे अनाज में जहर! : चूहों से निजात पाने के लिए जेडीए ने अनाज में मीठा तेल मिक्स करके उसमें जिंक फास्फाइड मिलाया जाएगा। यह जहरीला अनाज चूहों के बिलों में डाला जाएगा और बिलों को बंद कर दिया जाएगा ताकि चूहे बाहर न निकल सकें। इससे पहले सावन भादो पार्क में भी यह प्रयोग किया जा चुका है और यह काफी सफल रहा।
सावधान रहें, खतरा टला नहीं है! :रामनिवास बाग के इस बंदी के दौरान लोग बाग की ओर रुख न करें और इस सफाई अभियान का समर्थन करें। यह कदम ग्लोबल समिट से पहले शहर की सुंदरता को बनाए रखने के लिए जरूरी है। अगर आप भी बाग के नियमित विजिटर हैं, तो इन दो दिनों के लिए दूसरी जगह घूमने का प्लान बना लें।
तो, अगर आप रामनिवास बाग जाने की सोच रहे थे, तो सावधान रहें! बाग की सफाई के इस ऑपरेशन का इंतजार करें और फिर जाकर इसकी खूबसूरती का आनंद उठाएं।
यह भी पढ़ें :
Updated on:
29 Sept 2024 12:02 pm
Published on:
29 Sept 2024 12:02 pm
