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Success Story: राजस्थान के गोविंद गुप्ता लेक्चरर से पहले अटेम्प्ट में बने IPS, अब प्रमोशन के बाद मिला ये नया पद

IPS Govind Gupta success story: आईपीएस गोविंद गुप्ता के प्रमोशन को लेकर कार्मिक ने आदेश जारी कर दिए है। जिसके बाद अब वे एडीजी से डीजी के पद पर प्रमोट हो गए है।

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IPS Govind Gupta success story: सीमित साधनों के बावजूद बड़े सपने देखने वाले गोविन्द गुप्ता का आज डीजी पद पर प्रमोशन हो गया है। कार्मिक ने आदेश जारी कर दिए है। गोविंद गुप्ता राजस्थान कैडर के 1993 बैच के आईपीएस अधिकारी हैं।

कहा जाता है कि IPS गोविंद गुप्ता का जन्म राजस्थान के एक छोटे से गांव में हुआ था। उन्होंने गांव के स्कूल में पढ़ाई की और फिर कोटा जाकर आगे की पढ़ाई पूरी की। उन्होंने 1989 में मोतीलाल नेहरू राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान, इलाहाबाद से बी.टेक किया और 1991 में आईआईटी दिल्ली से एम.टेक की डिग्री प्राप्त की।

आईपीएस गोविंद गुप्ता ने यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा अपने पहले ही प्रयास में पास की। उन्होंने हैदराबाद के सरदार वल्लभभाई पटेल राष्ट्रीय पुलिस अकादमी में ट्रेनिंग पूरी की। वर्तमान में राजस्थान में एडीजी के पद पर कार्यरत हैं। जल्द ही गोविंद गुप्ता डीजी के पद पर काबिज होंगे।

यह उनके कठिन परिश्रम और समर्पण का परिणाम है। गोविन्द गुप्ता को डीजी (डायरेक्टर जनरल) के पद पर पदोन्नत किया। डीजी के रूप में, उनके कंधों पर और भी बड़ी जिम्मेदारिया होंगी और वे अपने पिछले अनुभवों और नई योजनाओं के साथ पुलिस विभाग में सुधार लाने की कोशिश करेंगे।

गोविंद गुप्ता ने अपने करियर में बहुत सी चुनौतियों का सामना किया। उन्होंने उन क्षेत्रों में काम किया। जहां अपराध और सामाजिक-आर्थिक समस्याएं ज्यादा थी। गोविंद गुप्ता ने इन क्षेत्रों में पॉजिटिव बदलाव लाने के लिए अधिक मेहनत की। उन्होंने पुलिस और जनता के बीच विश्वास बनाने पर जोर दिया। उनकी लंबी और विशिष्ट सेवा के लिए उन्हें राष्ट्रपति से पुलिस पदक भी मिला था।