
जयपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में नारी शक्ति वंदन अधिनियम एक ऐतिहासिक कदम है, इससे महिलाओं की राजनीति में सहभागिता बढ़ेगी। इस अधिनियम से संसद और विधानसभाओं में महिलाओं को 33 प्रतिशत प्रतिनिधित्व मिलेगा। शिक्षा, सुरक्षा, नीति निर्माण जैसे महत्वपूर्ण विषयों पर महिलाओं की सीधी भागीदारी होगी। वे बुधवार को बिडला ऑडिटोरियम में नारी शक्ति वंदन सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे।
उन्होंने कहा कि इस अधिनियम के माध्यम से प्रधानमंत्री के विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में महिलाएं और अधिक योगदान निभा सकेंगी। प्रधानमंत्री के नेतृत्व में मातृशक्ति को नई ऊर्जा मिली है और वर्ष 2047 तक विकसित भारत के निर्माण में महिलाओं की अहम भूमिका होगी। वर्ष 2014 में केंद्र सरकार की ओर से शुरू किए गए बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ अभियान से लिंगानुपात में सुधार हुआ है। महिलाओं की गरिमा और सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए घर-घर शौचालय निर्माण, उज्ज्वला योजना के तहत रसोई गैस कनेक्शन तथा जनधन योजना के माध्यम से बैंक खाते खोलने जैसे कदम उठाए गए। उन्होंने कहा कि अब 33 प्रतिशत आरक्षण के जरिए महिलाओं को राजनीतिक रूप से सशक्त बनाने का ऐतिहासिक निर्णय लिया गया है।
मुख्यमंत्री ने युवाओं के लिए सरकार की योजनाओं का जिक्र करते हुए कहा कि हमारी सरकार युवा नीति लाई है, रोजगार के साथ-साथ युवाओं को उद्यमी बनाने के लिए बिना ब्याज के 50 हजार से 1 करोड़ रुपए तक की सहायता दी जाएगी। मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना के तहत ब्याजमुक्त ऋण दिया जा रहा है। हमारी मंशा है कि युवा रोजगार प्राप्त करने के साथ रोजगार प्रदाता भी बनें। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार युवाओं को सरकारी क्षेत्र में 4 लाख एवं निजी क्षेत्र में 6 लाख रोजगार देने के लक्ष्य पर कार्य कर रही है।
मुख्यमंत्री ने सभी महिलाओं से इस अधिनियम के समर्थन में 9667173333 नम्बर पर मिस्ड कॉल करने का आह्वान भी किया।
उप मुख्यमंत्री दिया कुमारी ने कहा कि आजादी के बाद पहली बार भारत की संसद व विधानसभाओं में 33 प्रतिशत सीटें महिलाओं की होगी। बेटियां पढ़ने के बाद सांसद व विधायक बनकर देश का नेतृत्व करेंगी। नारी शक्ति वंदन अधिनियम केवल राजनीति नहीं, हर घर की सोच बदलेगा। बेटी के पैदा होने पर खुशी मनाई जाएगी, लेकिन बेटी पर विश्वास करना ज्यादा जरूरी है। उपमुख्यमंत्री ने बेटियों से आह्वान किया कि संसद व विधानसभाओं के द्वार खुल चुके है। अब तुम्हे रोकने वाला कोई नही, सशक्त बनें। इस मौेके पर उन्होंने वहां मौजूद महिलाओं से अपने—अपने मोबाइल निकालने की बात कही और 9667173333 नंबर पर मिस्ड कॉल करवाकर अधिनियम का समर्थन करवाया।
Updated on:
15 Apr 2026 05:27 pm
Published on:
15 Apr 2026 05:20 pm
