
रामगढ़ बांध पर ड्रोन के जरिए बारिश कराने की कोशिश के दौरान की तस्वीर (फोटो-पत्रिका)
Ramgarh Dam: जयपुर। रामगढ़ बांध में शनिवार सुबह चौथी बार कृत्रिम बारिश के लिए कंपनी की ओर से दो ड्रोन उड़ाए गए। आज रविवार कृषि मंत्री किरोड़ीलाल मीना की मौजूदगी में अंतिम बार क्लाउड सीडिंग की जाएगी। इसके साथ ही पूरा ऑपरेशन समाप्त हो जाएगा। रामगढ़ बांध में चौथी बार की गई क्लाउड सीडिंग में हल्की बूंदा-बांदी दर्ज की गई। आज कृत्रिम बारिश का अंतिम और पांचवा ऑपरेशन है।
जलवायु इंजीनियरिंग कंपनी एक्सल-1 इंक ने अपनी सहयोगी कंपनी जेएनएक्सएआइ के साथ मिलकर शनिवार को दो बार क्लाउड सीडिंग करवाई। यह देश का पहला पायलट प्रोजेक्ट है, जिसमें एआइ तकनीक और स्वदेशी ड्रोन की मदद से क्लाउड सीडिंग की जा रही है। इस दौरान जमवारामगढ़ विधायक महेंद्रपाल मीना और स्थानीय लोग भी मौजूद रहे।
कंपनी के चीफ क्लाइमेट सॉल्यूशंस अधिकारी शशांक तामन ने बताया कि दोनों ड्रोन सोडियम क्लोराइड लेकर उड़ाए गए। सीडिंग के बाद बांध के आसपास की पहाड़ियों पर हल्की बूंदा-बांदी दर्ज हुई।
कंपनी के प्रतिनिधि बांध क्षेत्र की जलवायु, बादलों की स्थिति, नमी और बांध में पानी की राह में आ रही बाधाओं पर विस्तृत रिपोर्ट कृषि विभाग को सौंपेंगे। कृत्रिम बारिश का यह अनुबंध कृषि विभाग से किया गया था। तामन ने बताया कि अनुबंध के तहत पूरा खर्च कंपनी ने वहन किया है, इसमें राज्य सरकार का कोई व्यय नहीं हुआ।
Updated on:
07 Sept 2025 08:50 am
Published on:
07 Sept 2025 08:50 am
