3 जनवरी 2026,

शनिवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

मेरी खबर

icon

प्लस

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

अपराधियों पर सख्ती, आमजन से संवेदनशीलता ही बने राजस्थान पुलिस की पहचान: डीजीपी

महानिदेशक पुलिस (डीजीपी) राजीव कुमार शर्मा ने कहा कि राजस्थान पुलिस को देश का सर्वश्रेष्ठ पुलिस बल बनाने के लिए प्रत्येक पुलिसकर्मी का समर्पण, अनुशासन और मानवीय दृष्टिकोण जरूरी है।

2 min read
Google source verification

जयपुर। महानिदेशक पुलिस (डीजीपी) राजीव कुमार शर्मा ने कहा कि राजस्थान पुलिस को देश का सर्वश्रेष्ठ पुलिस बल बनाने के लिए प्रत्येक पुलिसकर्मी का समर्पण, अनुशासन और मानवीय दृष्टिकोण जरूरी है। अपराध नियंत्रण के लिए अपराधियों के प्रति सख्ती आवश्यक है, लेकिन आम नागरिकों के साथ संवेदनशील और सम्मानजनक व्यवहार राजस्थान पुलिस की स्थायी पहचान बननी चाहिए। डीजीपी मंगलवार को जलमहल के सामने स्थित जयपुर ग्रामीण पुलिस लाइन में आयोजित संपर्क सभा को संबोधित कर रहे थे।

मानसिक स्वास्थ्य और आपसी संवाद पर जोर

डीजीपी ने कहा कि पुलिस केवल कानून लागू करने वाली संस्था नहीं, बल्कि समाज में भरोसे और सुरक्षा का प्रतीक है। इसके लिए कार्यस्थल की गरिमा बनाए रखना, समयबद्ध व पारदर्शी कार्यशैली अपनाना और नागरिकों की समस्याओं को संवेदनशीलता से सुनना आवश्यक है।

डीजीपी ने पुलिसकर्मियों के मानसिक स्वास्थ्य और उनके परिवारों के कल्याण को भी प्राथमिकता बताया। उन्होंने आश्वस्त किया कि व्यक्तिगत या पेशेवर समस्याओं के समाधान के लिए उनके द्वार सदैव खुले हैं और जवान बिना संकोच अपनी बात रख सकते हैं।

संपर्क सभा के दौरान डीजीपी ने पुलिसकर्मियों के साथ आए बुजुर्ग माता-पिता की समस्याएं भी सुनीं। जयपुर रेंज आईजी राघवेंद्र सुहास ने बताया कि पिछले पांच सप्ताह में प्राप्त 120 समस्याओं में से करीब 85 प्रतिशत का समाधान किया जा चुका है। सभा में एडीजी एस. सेंगाथिर, डीआईजी शांतनु सिंह, देवेंद्र विश्नोई और ग्रामीण एसपी राशि डोगरा डूडी सहित वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।


बड़ी खबरें

View All

जयपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग