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राजस्थान में ट्रेनें स्टैंडबाय मोड पर, इमरजेंसी हालात से निपटने में जुटा रेलवे

उत्तर पश्चिम रेलवे ने युद्ध के हालात से निपटने के लिए रेस्क्यू ट्रेनों (पैसेंजर-गुड्स रैक) को चारों मंडल जयपुर, जोधपुर, बीकानेर और अजमेर में अलर्ट मोड पर खड़ा रखा गया है।

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देवेंद्र सिंह राठौड़
राजस्थान में उत्तर पश्चिम रेलवे ने युद्ध के हालात से निपटने के लिए रेस्क्यू ट्रेनों (पैसेंजर-गुड्स रैक) को चारों मंडल जयपुर, जोधपुर, बीकानेर और अजमेर में अलर्ट मोड पर खड़ा रखा गया है। इन ट्रेनों का मकसद आपात स्थिति में फंसे लोगों को सुरक्षित निकालना, सेना को लॉजिस्टिक सपोर्ट देना, घायल या बीमारों को इलाज दिलवाना है। रेलवे अधिकारियों का कहना है कि रेस्क्यू ट्रेनें बढ़ाकर दोगुनी या तिगुनी भी की जा सकती हैं। रेलवे ने रेल रक्षक बल (आरपीएफ), राहत दल और मेडिकल टीमों को हाई अलर्ट पर रखा है। रेलवे मंत्रालय ने एडवाइजरी जारी कर अनधिकृत व्यक्ति को मिलिट्री ट्रेनों की सूचना देने से इनकार किया है।

वार रूम से चौकसी

रेलवे प्रशासन ने सभी रेलवे अफसरों व कर्मचारियों की छुट्टियां रद्द कर दी गई हैं। जोन के चारों मंडल के प्रमुख स्टेशन व संवेदनशील इलाकों के स्टेशन पर बने कंट्रोल रूम और वार रूम में 24 घंटे की शिफ्ट में अफसरों की ड्यूटी लगाई गई है। इनका ट्रेन संचालन, भीड़ नियंत्रण और यात्रियों से मिल रही सूचनाओं की मॉनिटरिंग पर फोकस है।

स्टेशन से यार्ड तक सख्त पहरा

बॉर्डर एरिया में आने वाले मुनाबाव जैसे स्टेशनों पर सुरक्षा सख्त कर दी गई है। बाड़मेर, जैसलमेर, जोधपुर, बीकानेर, जयपुर, अजमेर समेत अन्य प्रमुख स्टेशनों पर भी सुरक्षा व्यवस्था हाई अलर्ट पर है। डॉग-बम स्क्वॉयड और चैकिंग टीमें भी इन संवदेनशील स्टेशनों पर लगातार प्लेटफॉर्म, कोच और यार्ड में तलाशी ले रही हैं। बाड़मेर-मुनाबाव रेलखंड पर ट्रेनों की आवाजाही भी अस्थायी रूप से रोकी जा सकती है। रेलवे ने तकनीकी और सुरक्षा कारणों से डीजल इंजनों को भी स्टैंडबाय पर रखें हैं ताकि यदि सिग्नलिंग सिस्टम पर साइबर अटैक हो तो मैनुअल संचालन किया जा सके।

माल वैगन की स्क्रैपिंग पर रोक

रेलवे बोर्ड ने पुराने माल वैगन की मरम्मत-स्क्रैपिंग प्रक्रिया 31 जुलाई तक रोक दी है। यदि किसी वैगन की अवधि पूरी हो चुकी है तो जांच के बाद सही पाए जाने पर उसका दोबारा उपयोग किया जाएगा। रेलवे ने संभावित साइबर अटैक को लेकर सिग्नलिंग सिस्टम पर भी निगरानी शुरू कर दी है। किसी भी ब्रेकडाउन की स्थिति में डीजल इंजनों को स्टैंडबाय पर रखा गया है ताकि ट्रेनें मैनुअली चलाई जा सकें।

मुनाबाव- भगत की कोठी के बीच ट्रेन रद्द

बाड़मेर से मुनाबाव व भगत की कोठी से मुनाबाव के बीच संचालित होने वाली ट्रेन का संचालन शुक्रवार को रद्द किया गया है। वहीं हमले के चलते रेलवे ने जैसलमेर- जयपुर ट्रेन और बीकानेर से जैसलमेर के बीच संचालन आंशिक रूप से रद्द कर दिया।

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