19 अप्रैल 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

कौन बनेगा राजस्थान का मुख्यमंत्री? कांग्रेस ने फेंका नया सियासी पत्ता

Rajasthan Assembly Election: कांग्रेस ने अगले साल राजस्थान में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर नया सियासी पत्ता फेंक दिया है।

2 min read
Google source verification
photo_2022-12-16_09-59-35.jpg

पत्रिका न्यूज नेटवर्क/दौसा। कांग्रेस ने अगले साल राजस्थान में होने वाले विधानसभा चुनाव (Rajasthan Assembly Election 2023) को लेकर नया सियासी पत्ता फेंक दिया है। पार्टी महासचिव जयराम रमेश ने गुरुवार को साफ संकेत दिए कि पार्टी बिना सीएम चेहरे के चुनाव में उतरेगी। चुनाव जीतने के बाद तय किया जाएगा कि कौन मुख्यमंत्री बनेगा।

भारत जोड़ो यात्रा के दौरान डिडवाना में प्रेस वार्ता में रमेश ने एक सवाल पर कहा कि पार्टी एकजुट होकर चुनाव लड़ेगी। किसी एक व्यक्ति को नहीं जिताएंगे, बल्कि पार्टी को जिताएंगे। अपनी बात को और साफ करते हुए वे बोले... व्यक्ति आते हैं, जाते हैं। पद ग्रहण करते हैं, हटते हैं। लेकिन संगठन सर्वोपरि है। वह बरकरार रहता है। संगठन पहले चुनाव लड़ेगा और जीतेगा। इसके बाद तय किया जाएगा कि मुख्यमंत्री कौन बनेगा। पार्टी को जिताने के लिए सभी एकजुट होकर काम कर रहे हैं।

जांच जारी है...
समानांतर विधायक दल की बैठक प्रकरण में चल रही जांच के सवाल पर रमेश ने कहा कि जांच ऑनगोइंग है, जिसका मतलब है कि जांच अभी चल रही है। कांग्रेस नेता पवन खेड़ा ने भी कहा कि जांच के बाद रिपोर्ट सौंपी जाएगी। फिर उस पर निर्णय होगा।

स्वीकारा, कांग्रेस संगठन हुआ कमजोर
एक सवाल पर रमेश ने कहा कि भारत जोड़ो यात्रा, चुनाव जीतो यात्रा नहीं है। इसका एक मकसद संगठन को मजबूत करना है। एकजुटता व अनुशासन का पालन नहीं करेंगे तो चुनाव में सकारात्मक नतीजे नहीं मिलेंगे। उन्होंने स्वीकार किया कि हम कमजोर हुए हैं। गुजरात में प्रदर्शन निराशाजनक है।

यह भी पढ़ें : दरगाह दीवान जैनुल आबेदीन बोले- चीन को भी सिखाएं बालाकोट जैसा सबक

अल्बर्ट हॉल का नाम बदलने को कहा?
भारत जोड़ो यात्रा के 100 दिन पूरे होने पर राहुल जयपुर के अल्बर्ट हॉल पर होने वाले कार्यक्रम में हिस्सा लेंगे। इस अल्बर्ट हॉल के नाम पर भी रमेश ने सवाल उठाते हुए कहा कि अल्बर्ट क्वीन विक्टोरिया के पति थे। अब 2022 में इस नाम का क्या औचित्य है। उन्होंने मुख्यमंत्री अशोक गहलोत से इसका नाम बदलने को कहा है। जयराम ने कहा कि यह उनके व्यक्तिगत विचार हैं। उन्होंने कांग्रेस कार्यालय में वॉर रूम नाम के कक्ष पर आपत्ति जताई।

चीन के मुद्दे पर केन्द्र को घेरा
खेड़ा ने कहा कि चीन के मुद्दे पर केन्द्र व पीएम मोदी का मुंह बंद रहता है। संसद में सरकार इस मुद्दे पर चर्चा नहीं करती। हमारे सैनिक चीन को खदेडऩा चाहते हैं, लेकिन प्रधानमंत्री चीन को क्लीन चिट दे देते हैं। जब मोदी गुजरात सीएम थे तो वह स्कूलों में चीन की मैंडरिन भाषा पढ़ाना चाहते थे। चीनी कंपनियों से 45 हजार करोड़ के करार किए। आखिर उनका चीन से क्या रिश्ता है।