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World Cancer Day : अचानक कहा गया अब स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट में होगा इलाज, SMS अस्पताल में मरीजों और डाक्टरों में मची खलबली, जानें क्यों?

World Cancer Day : सवाई मानसिंह अस्पताल जयपुर में मंगलवार को कैंसर मरीजों को अचानक परेशानी का सामना करना पड़ा। क्योंकि अचानक मरीजों को बताया गया कि अब कैंसर से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं एसएमएस अस्पताल के कैंसर डे केयर सेंटर में नहीं स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट में ही होंगी। इस के बाद SMS अस्पताल में मरीजों और डाक्टरों में खलबली मच गई। जानें क्यों?
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SMS Hospital Jaipur

फाइल फोटो पत्रिका

World Cancer Day : सवाई मानसिंह अस्पताल में मंगलवार को कैंसर मरीजों को उस समय परेशानी का सामना करना पड़ा, जब तय समय पर पहुंचे मरीजों को डे केयर में थैरेपी देने से ऐनवक्त पर मना कर दिया गया। इलाज से पहले डॉक्टरों की ओर से पर्चियां बन चुकी थीं और मरीज लाइन में खड़े थे, लेकिन स्टाफ ने मीटिंग के मिनट्स का हवाला देते हुए थैरेपी देने से इनकार कर दिया।

मरीजों को बताया गया कि अब कैंसर से जुड़ी सभी प्रक्रियाएं स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट में ही होंगी। हैरानी की बात यह रही कि इस बदलाव की न तो पहले से मरीजों को सूचना दी गई और न ही संबंधित डॉक्टरों को अवगत कराया गया। मरीजों ने किसी तरह मामला उच्चाधिकारियों तक पहुंचाया, जिसके बाद हस्तक्षेप होने पर थैरेपी दी गई।

दरअसल, एसएमएस अस्पताल के कैंसर डे केयर सेंटर को स्टेट कैंसर इंस्टीट्यूट में शिफ्ट करने का निर्णय लिया गया है। लेकिन इस अहम निर्णय को लागू करने से पहले न तो कोई आधिकारिक आदेश जारी किया गया और न ही वैकल्पिक व्यवस्थाएं की गईं। इसके चलते पहले से तय इलाज के लिए आए मरीजों को यह कहकर लौटाने की स्थिति बन गई कि अब डे केयर यहां नहीं होगा।

कैंसर मरीजों के लिए देरी ठीक नहीं

कैंसर मरीजों का कहना है कि इस बीमारी में इलाज की हर साइकिल समय पर होना जरूरी होता है। एक दिन की देरी भी शारीरिक और मानसिक रूप से नुकसान पहुंचा सकती है। कई मरीज दूर-दराज के जिलों से सुबह अस्पताल पहुंचे थे और यात्रा व ठहरने की व्यवस्था पहले से की थी। इलाज से इनकार के बाद वे हतप्रभ रह गए। सूत्रों के अनुसार ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टरों को भी किसी प्रकार का लिखित आदेश या प्रशासनिक निर्देश नहीं मिला था, जिसके चलते असमंजस की स्थिति बनी रही।