
photo patrika
कृषि उपज मंडी नाचना स्थित खरीद केंद्र पर व्यवस्थाओं की कमी और खरीद प्रक्रिया में देरी किसानों की परेशानी बढ़ा रही है। न्यूनतम समर्थन मूल्य (एमएसपी) पर फसल बिक्री से जुड़े कई मुद्दों को लेकर किसानों ने नाराजगी जताई है। किसानों का कहना है कि सीमित खरीद, भुगतान में देरी और मूलभूत सुविधाओं के अभाव के कारण उन्हें आर्थिक और मानसिक दोनों स्तरों पर परेशानी उठानी पड़ रही है।
किसानों के अनुसार खरीद केंद्र पर राजफेड की सीमित खरीद व्यवस्था और प्रक्रिया की धीमी गति के कारण फसल समय पर नहीं बिक पा रही है। उपज लंबे समय तक मंडी में पड़ी रहने से किसानों की चिंता बढ़ रही है और कई बार मजबूरी में उन्हें वैकल्पिक रास्तों की ओर जाना पड़ता है। भुगतान प्रक्रिया को लेकर भी किसानों ने असंतोष जताया। किसानों का कहना है कि फसल बेचने के बाद भुगतान समय पर नहीं मिल रहा है। तौल प्रक्रिया में विलंब और उपज को समय पर वेयरहाउस तक नहीं पहुंचाने के कारण भुगतान में देरी हो रही है, जिससे आर्थिक दबाव बढ़ रहा है।
मंडी परिसर में किसानों के लिए बुनियादी सुविधाओं की कमी भी सामने आई है। पेयजल और कैंटीन जैसी आवश्यक व्यवस्थाएं उपलब्ध नहीं होने से किसानों को गर्मी के बीच परेशानी झेलनी पड़ रही है। लंबे समय तक मंडी में इंतजार करने वाले किसानों को अतिरिक्त कठिनाइयों का सामना करना पड़ रहा है। खाद और बीज की उपलब्धता को लेकर भी किसानों ने चिंता जताई। किसानों का कहना है कि सरकारी केंद्रों पर समय पर खाद और बीज नहीं मिलने से उन्हें खुले बाजार से अधिक कीमत पर खरीदारी करनी पड़ती है, जिससे खेती की लागत बढ़ रही है।
क्रय-विक्रय सहकारी समिति नाचना के इंस्पेक्टर खीमकरण ने बताया कि पोर्टल में तकनीकी खराबी के कारण फसल खरीद प्रक्रिया प्रभावित हुई। पेयजल व्यवस्था को सुचारू बनाए रखने के लिए पानी के कैंपर उपलब्ध कराए जाएंगे।
ग्राम पंचायत फतेहगढ़ में ग्राम विकास चौपाल का आयोजन हुआ। इस दौरान राज्य स्तरीय ग्राम रथ अभियान के समापन समारोह का सीधा प्रसारण किया गया, जिसमें ग्रामीणों ने भाग लिया। मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने विभिन्न जिलों के लाभार्थियों से वर्चुअली संवाद किया। उन्होंने राज्य सरकार की जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभाव और लाभों की जानकारी ली। साथ ही, ग्रामीणों से योजनाओं का अधिकतम लाभ उठाने व विकास कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाने का आह्वान किया। जैसलमेर विधायक छोटूसिंह भाटी ने कहा कि ग्राम रथ अभियान से जैसलमेर और पोकरण विधानसभा क्षेत्र की अधिकांश ग्राम पंचायतों तक 13 विभागों की जनकल्याणकारी योजनाओं की जानकारी पहुंचाई गई, जिससे पात्र व्यक्तियों को वास्तविक लाभ मिल सके। ग्रामीणों ने ग्राम रथों का स्वागत किया और योजनाओं में विशेष रुचि दिखाई। अभियान का उद्देश्य अंतिम छोर पर बैठे व्यक्ति तक योजनाओं का लाभ सुनिश्चित करना है। जिला कलक्टर अनुपमा जोरवाल ने कहा कि गत 28 अप्रेल को प्रारंभ हुए ग्राम रथ अभियान के अंतर्गत जिले की लगभग 167 ग्राम पंचायतों में पहुंचकर 13 विभागों की योजनाओं की जानकारी दी गई।
Published on:
17 May 2026 09:02 pm
बड़ी खबरें
View Allजैसलमेर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
