
वैशाख मास की पूर्णिमा पर स्वर्णनगरी का माहौल पूरी तरह आस्था से सराबोर नजर आया। भीषण गर्मी और लू के थपेड़ों के बावजूद बड़ी संख्या में लोगों ने मंदिरों में पहुंचकर दर्शन किए और दान-पुण्य में सक्रिय भागीदारी निभाई। सुबह से ही शहर के धार्मिक स्थलों पर श्रद्धालुओं की आवाजाही शुरू हो गई, जो दोपहर तक जारी रही। दुर्ग स्थित नगर आराध्य भगवान लक्ष्मीनाथ मंदिर में सबसे अधिक भीड़ देखी गई। यहां श्रद्धालु सुबह जल्दी पहुंचकर पूजा-अर्चना करते रहे। शहर के अन्य मंदिरों में भी दिनभर दर्शनार्थियों का क्रम बना रहा।
ग्रामीण क्षेत्रों से भी लोग बड़ी संख्या में पहुंचे, जिससे मंदिर परिसर जीवंत नजर आए। पूर्णिमा के अवसर पर गोसेवा का विशेष महत्व रहा। गोशालाओं में गोवंश को हरी घास खिलाई गई और सेवा कार्य किए गए। साथ ही जरूरतमंदों को नकद राशि, खाद्य सामग्री और अन्य वस्तुएं दान में दी गईं। भीषण गर्मी के बीच शहर में सामाजिक सरोकार भी प्रमुखता से नजर आए। विभिन्न स्थानों पर स्वयंसेवी लोगों ने राहगीरों के लिए शर्बत, शिकंजी और शीतल पेयजल की व्यवस्था की, जिससे लोगों को राहत मिली। एक ओर तेज गर्मी के कारण सामान्य दिनों में लोग घरों से निकलने से बच रहे हैं, वहीं धार्मिक आस्था के चलते पुरुष, महिलाएं और बच्चे उत्साह के साथ मंदिरों में दर्शन के लिए पहुंचे।
मोहनगढ़ क्षेत्र के पारेवर गांव स्थित अम्बेडकर भवन में बुद्ध पूर्णिमा के अवसर पर कार्यक्रम आयोजित हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया। आयोजन के दौरान पूरा परिसर आस्था, विचार और सामाजिक समरसता के संदेश से गूंजता नजर आया। कार्यक्रम की शुरुआत महात्मा बुद्ध की प्रतिमा के समक्ष दीप प्रज्वलन और पुष्प अर्पित कर की गई। इसके बाद आयोजित सभा में वक्ताओं ने बुद्ध के जीवन, उनके सिद्धांतों और समाज को दिए संदेशों पर विस्तार से विचार रखे। सभा को शिवदानाराम राठौड़ संरक्षक, प्रदेश प्रभारी भारत मुक्ति मोर्चा राजस्थान, अचलाराम राठौड़, प्रदीप कुमार कोषाध्यक्ष, महेंद्र राठौड़ सचिव, भरत राठौड़, जीवनलाल राठौड़, अजय राठौड़, रमेश राठौड़, तेजाराम राठौड़ और प्रकाश राठौड़ ने संबोधित किया। अंत में अध्यक्ष चांदनाराम राठौड़ ने आभार व्यक्त करते हुए बताया कि इसी दिन महात्मा बुद्ध का जन्म, ज्ञान प्राप्ति और महापरिनिर्वाण हुआ, जिससे इस तिथि का महत्व और बढ़ जाता है।कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों के सहयोग से मिष्ठान वितरण किया गया। इस अवसर पर जयप्रकाश राठौड़, वासु राठौड़ सहित बड़ी संख्या में ग्रामीण उपस्थित रहे।
Updated on:
01 May 2026 09:14 pm
Published on:
01 May 2026 09:14 pm
