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पानी निकासी के नहीं पुख्ता प्रबंध, बारिश में बढ़ेगी दिक्कत

प्रदेश में मानसून की बारिश का सीजन आगामी दिनों में शुरू हो सकता है। कस्बे में कई ऐसे गली मोहल्ले व सार्वजनिक स्थल और सरकारी कार्यालय है, जहां पानी की निकासी के पुख्ता प्रबंध नहीं है, जबकि जिम्मेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे है। पत्रिका पड़ताल में यह बात सामने आई है कि कस्बे में खेल मैदान, सार्वजनिक स्थल, गली मोहल्ले व मुख्य मार्गों पर बारिश के पानी निकासी के पुख्ता प्रबंध नहीं है।

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पोकरण. राउमावि मैदान में बारिश में इस कदर जमा होता है पानी। फाइल

प्रदेश में मानसून की बारिश का सीजन आगामी दिनों में शुरू हो सकता है। कस्बे में कई ऐसे गली मोहल्ले व सार्वजनिक स्थल और सरकारी कार्यालय है, जहां पानी की निकासी के पुख्ता प्रबंध नहीं है, जबकि जिम्मेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे है। पत्रिका पड़ताल में यह बात सामने आई है कि कस्बे में खेल मैदान, सार्वजनिक स्थल, गली मोहल्ले व मुख्य मार्गों पर बारिश के पानी निकासी के पुख्ता प्रबंध नहीं है।

जिसके कारण पानी कई दिनों तक जमा रहकर कीचड़ में तब्दील हो जाता है, जिससे आमजन को परेशानी होती है। इसके साथ ही मच्छरों की भरमार हो जाने से मौसमी बीमारियों के फैलने का खतरा बढ़ जाता है। बावजूद इसके जिम्मेदारों की ओर से समय रहते बारिश के पानी की निकासी के पुख्ता प्रबंध को लेकर कोई कवायद नहीं की जा रही है।

यहां रहती है ज्यादा समस्या

कस्बे के राउमावि के मैदान में सबसे अधिक समस्या रहती है। जुलाई-अगस्त माह में मानसून की बारिश के दौरान यहां तालाब की तरह पानी जमा हो जाता है, जो कई दिनों तक रहता है। राष्ट्रीय समारोह के साथ ही अन्य कार्यक्रम इस मैदान में होते है। इस दौरान परेशानी होती है। इसी प्रकार कस्बे के राजकीय जिला चिकित्सालय, कचहरी परिसर सहित कई सरकारी कार्यालयों के परिसर में पानी जमा होता है। जिनकी निकासी के प्रबंध नहीं है। कस्बे के केन्द्रीय बस स्टैंड, भवानीपुरा, जोधनगर, जोधपुर रोड के किनारे, व्यास कॉलोनी में बारिश के दौरान पानी जमा हो जाता है। जिनके निकासी की व्यवस्था नहीं होने के कारण धीरे-धीरे पानी सूखने पर ही राहत मिलती है।

कीचड़ से परेशानी, बीमारियां फैलने का खतरा

एक ही जगह पर पानी ज्यादा दिनों तक जमा रहने से कीचड़ का रूप ले लेता है। कीचड़ के कारण धीरे-धीरे गंदगी का साम्राज्य बढऩे लगता है। कीचड़ के कारण आमजन को आवागमन में परेशानी होती है। गली मोहल्लों में कीचड़ जमा हो जाने से लोगों का घरों से निकलना मुश्किल हो जाता है। इसी प्रकार गंदगी के कारण मच्छरों की भरमार हो जाती है। इन मच्छरों व गंदगी के कारण मौसमी बीमारियां फैलने का खतरा बढ़ जाता है। मलेरिया, डेंगू सहित अन्य बीमारियों के मरीज भी बढ़ जाते है। जिससे आमजन को परेशानी होती है।

निकासी के हो प्रबंध तो मिले राहत

नगरपालिका की ओर से वर्षों पूर्व कस्बे के गली मोहल्लों में नाले नालियों का निर्माण करवाया गया था। कई जगहों पर नालियां जमींदोज हो चुकी है। ऐसे में यदि समय पर नालियों की मरम्मत करवाई जाए तो गंदे पानी के साथ ही बारिश के पानी की निकासी हो सकती है। इसके अलावा जहां नाले-नालियां नहीं है, वहां समय रहते निर्माण करवा दे और पानी की निकासी की व्यवस्था कर दे तो राहत मिल सकती है।

कीचड़ से होती है परेशानी

बस स्टैंड में बारिश के दौरान जमा पानी कुछ दिनों में ही कीचड़ हो जाता है। जिसके कारण यात्रियों के साथ आमजन को परेशानी होती है। जबकि यहां पानी निकासी की कोई व्यवस्था नहीं की जा रही है।

- भटाराम प्रजापत, दुकानदार बस स्टैंड, पोकरण

बीमारियां फैलने का खतरा

राउमावि मैदान व भवानीपुरा में आसपास पानी जमा हो जाता है। जिससे मच्छरों की भरमार हो जाती है और बीमारियां फैलने का खतरा बढ़ जाता है। जबकि जिम्मेदार कोई ध्यान नहीं दे रहे है।

- सवाईसिंह राठौड़, निवासी भवानीपुरा, पोकरण