6 मई 2026,

बुधवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

मंदिर में प्रतिमा की प्रतिष्ठापित, लगाई 108 परिक्रमा

- कथा के अंतिम दिन रही भीड़

2 min read
Google source verification
मंदिर में प्रतिमा की प्रतिष्ठापित, लगाई 108 परिक्रमा

मंदिर में प्रतिमा की प्रतिष्ठापित, लगाई 108 परिक्रमा

पोकरण. क्षेत्र के खेतोलाई गांव में चल रहे बालाजी मंदिर प्राण प्रतिष्ठा महोत्सव के अंतिम दिन कई धार्मिक अनुष्ठानों का आयोजन किया गया। सर्वोदय से पूर्व सैंकड़ों श्रद्धालुओं की ओर से रामचरित्रमानस की 108 परिक्रमा लगाई गई। अलसुबह साढ़े तीन बजे शुरू हुई परिक्रमा सुबह सात बजे तक जारी रही। इसके बाद गुरु जम्भेश्वर भगवान का हवन किया गया। यजमान जगदीश, विक्रम जाणी, डॉ.सुनील सियाग, ओमप्रकाश, अनिल गोदारा, भंवरलाल खीचड़, देवकिशन जाणी, सुनील की ओर से आनंद जोशी व गोविंदाचार्य के सानिध्य में विधिवत पूजा-अर्चना की गई। स्वामी शिवज्योतिषानंद महाराज की ओर से बालाजी की प्रतिमा पर पंचामृत से अभिषेक किया गया। इसके बाद मंदिर में बालाजी की प्रतिमा प्रतिष्ठापित की गई। इस दौरान यहां खड़े सैैंकड़ों श्रद्धालुओं की ओर से जयकारे लगाए गए तथा वातावरण धर्ममय हो गया। मंदिर के शिखर पर कलश, ध्वज की स्थापना की गई।
कथा का हुआ समापन
खेतोलाई गांव में गत नौ दिनों से चल रही रामकथा के अंतिम दिन रविवार को प्रवचन करते हुए स्वामी शिवज्योतिषानंद महाराज ने श्रीराम की शक्ति के बारे में रावण को रानी मंदोदरी की ओर से बताने के प्रसंग पर प्रवचन किए। साथ ही अंगद की ओर से लंका दरबार में अपनी शक्ति से सभी को लज्जित करने की परीक्षा का वृतांत सुनाया। उन्होंने वानर सेना के साथ रावण की सेना से युद्ध, लक्ष्मण की ओर से मुर्छित होने पर हनुमान की ओर से संजीवनी बूटी लाने, हनुमान व भरत वार्तालाप, युद्ध में राक्षसों के वध करने, अंत में रावण को मारने तक के प्रसंग पर विस्तार से प्रवचन किए। इसके बाद अयोध्या में राम, लक्ष्मण व सीता का स्वागत प्रसंग सुनाया। इस मौके पर मंदिर निर्माण में सहयोग देने पर किशनाराम माली, रणवीर गरासिया, भगवानाराम पालीवाल का साफा पहनाकर सम्मान किया गया। मांगीलाल अज्ञात, भींयाराम ने धन्यवाद ज्ञापित किया। कार्यक्रम में अशोक जाणी, संत रामाचार्य महाराज, नीतेश शर्मा, भंवरलाल जांगू आदि उपस्थित रहे।