
जैसलमेर के चयन का खास मकसद: एडीजी
जैसलमेर . स्थापना दिवस परेड की तैयारियों का जायजा लेने के लिए जैसलमेर पहुंचे सीसुब की पश्चिमी कमान के अतिरिक्त महानिदेशक एनएस जामवाल बुधवार को बल के साउथ हैडक्वार्टर पर मीडियाकर्मियों से रूबरू हुए। उन्होंने दिल्ली से बाहर परेड करने के लिए सीमावर्ती जैसलमेर का चयन करने की वजह के बारे में पूछने पर बताया कि इसका एक खास मकसद है। सीसुब की स्थापना से लेकर अब तक के सफर में राजस्थान फं्रटियर का शानदार योगदान रहा है। इसके अलावा हम चाहते हैं कि छोटे शहर के लोग बल के गौरवपूर्ण कार्यक्रम को देखें और प्रेरित हों। उन्होंने बताया कि 1965 में 25 बटालियनों के साथ बल की स्थापना की गई थी। आज 56 साल बाद सीसुब देश की छह हजार ल बी सीमा की सुरक्षा करती है। बर्फ से लेकर रेगिस्तान तक में हमारे प्रहरी तैनात हैं। सीसुब ने 1971 में पाकिस्तान के साथ युद्ध में भाग लिया। आतंकी ताकतों से मुकाबला करने से लेकर देश में आने वाली किसी भी प्राकृतिक आपदा, आंतरिक सुरक्षा के मोर्चे तथा चुनाव आदि में बल के जवान पूरी दक्षता के साथ अपनी भूमिका निभाते रहे हैं।
अमित शाह लेंगे परेड की सलामी
एडीजी जामवाल ने बताया कि केंद्रीय गृहमंत्री ने सीमा सुरक्षा बल के इस आयोजन के लिए अपना वक्त निकाला है। वे 4 दिस बर को तनोटराय मंदिर में दर्शन करेंगे और वहां से रोहिताश बॉर्डर पोस्ट पर जवानों से मिलने का कार्यक्रम है। 5 तारीख को अमित शाह पूनमसिंह स्टेडियम में आयोजित होने वाली परेड की सलामी लेंगे। यहां उनके सामने बल अपनी पूर्ण क्षमता का प्रदर्शन करेगी। इसमें महिला प्रहरियों की भी पूर्ण भागीदारी होगी। उन्होंने जैसलमेर के अभिभावकों व संस्था प्रधानों से आह्वान किया कि वे 3 तारीख को फुल डे्रस रिहर्सल के अवसर पर बच्चों को अवश्य पूनम स्टेडियम तक लाने की व्यवस्था करें ताकि वे इत्मीनान से यह कार्यक्रम देख सकें। पत्रकार वार्ता के अवसर पर सीसुब के राजस्थान फ्रंटियर के महानिरीक्षक पंकज गूमर, उपमहानिरीक्षक सामान्य शाखा मधुकर, डीआइजी जैसलमेर नॉर्थ अरुण कुमार सिंह सहित अन्य अधिकारी मौजूद थे।
Published on:
02 Dec 2021 04:29 pm
बड़ी खबरें
View Allजैसलमेर
राजस्थान न्यूज़
ट्रेंडिंग
