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मरु-महोत्सव में जल संकट:15 हजार सैलानी आएंगे, जुटाना होगा 55 लाख लीटर अतिरिक्त पानी

आगामी मरु-महोत्सव में 15 हजार से अधिक सैलानियों के आगमन से जैसलमेर की जलापूर्ति पर दबाव बढऩे वाला है।

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आगामी मरु-महोत्सव में 15 हजार से अधिक सैलानियों के आगमन से जैसलमेर की जलापूर्ति पर दबाव बढऩे वाला है। इस अवधि में शहर की मांग के मुकाबले करीब 55 लाख लीटर यानी 5.5 एमएलडी पानी की कमी दूर करना चुनौती होगा। मोहनगढ़ हेडवक्र्स से पानी की आपूर्ति घटने और विद्युत व्यवधान के चलते वर्तमान में 16 एमएलडी की मांग के मुकाबले केवल 12 से 12.5 एमएलडी पानी ही मिल रहा है। सैलानियों के साथ पर्यटन व्यवसाय भी प्रभावित पर्यटन सीजन में पानी की मांग और अधिक बढ़ जाती है। करीब 90 हजार की आबादी वाले जैसलमेर शहर की मांग रोजाना 16 एमएलडी यानी 160 लाख लीटर पानी की है। उसकी तुलना में वर्तमान समय में बाड़मेर लिफ्ट परियोजना के मोहनगढ़ हैडवक्र्स से प्रतिदिन 12 या 12.5 एमएलडी पानी मिल रहा है। मरु महोत्सव के दौरान एक अनुमान के अनुसार करीब 15 हजार सैलानी जैसलमेर में जुटेंगे। ऐसे में पानी की मांग में और इजाफा हो जाएगा और करीब 3.5 व 4 एमएलडी से बढकऱ मांग व आपूर्ति में अंतर 5 से 5.5 एमएलडी तक होने की आशंका है। वर्तमान में भी जलदाय विभाग जैसलमेर शहर में मांग की तुलना में एक चौथाई कम पानी की आपूर्ति कर पा रहा है। सैलानियों की भीड़ बढऩे से यह अंतर और बढने वाला है। गौरतलब है कि जैसलमेर शहर सहित आसपास के ग्रामीण क्षेत्रों में जलापूर्ति का मुख्य स्रोत मोहनगढ़ हैडवक्र्स ही है। गौरतलब है कि होटलों, गेस्ट हाउसों और रेस्तरां संचालकों को प्रतिदिन हजारों लीटर पानी की जरूरत होती है, लेकिन मौजूदा हालात में व्यवसायियों को टैंकरों से पानी मंगवाने की मजबूरी होगी, जिससे खर्च बढ़ेगा और पर्यटन अनुभव प्रभावित होगा।

पर्यटन व्यवसायियों की चिंता: जल संकट से बढ़ेगी परेशानी

पर्यटन व्यवसायी विनय व्यास बताते हैं कि मरु महोत्सव जैसलमेर के पर्यटन को नई ऊंचाई देता है, लेकिन यदि पानी की समस्या बनी रही तो पर्यटन पर असर पड़ेगा। पर्यटन व्यवसायी आनंदसिंह चिंता जताते हैं कि हर साल पर्यटकों की संख्या बढ़ रही है, लेकिन जल संकट बना रहता है। यदि समय रहते पानी की व्यवस्था नहीं हुई तो परेशानियां बनता तय है।

समाधान के लिए क्या जरूरी?

-जलदाय विभाग को टैंकरों के जरिए अतिरिक्त पानी की व्यवस्था करने की जरूरत।
-विद्युत व्यवधान को दूर कर मोहनगढ़ हेडवक्र्स से अधिकतम आपूर्ति करने की दरकार।

पानी की मांग तो बढ़ेगी

जैसलमेर शहर की मांग 16 एमएलडी है, उसकी तुलना में 12 से 12.5 एमएलडी तक ही पानी मिल रहा है। विद्युत व्यवधान के कारण पानी की आवक कम हो रही है। मरु महोत्सव में सैलानियों के आगमन से पानी की मांग निश्चित रूप से और बढ़ेगी।

  • देवीलाल भील, सहायक अभियंता, जन स्वा. अभि. विभाग, जैसलमेर