4 सितंबर 2026,

शुक्रवार

Patrika Logo
home_icon

होम

इनस्टॉल ऐप

ई-पेपर

video_icon

शॉर्ट्स

profile_icon

प्रोफाइल

सावन के पहले सोमवार को शिवालयों में उमड़े श्रद्धालु

https://www.patrika.com/rajasthan-news/
2 min read
Google source verification
Shiva Puja Mantra and jalabhishek

sawan somwar

जालोर. सावन के पहले सोमवार को शिवालयों में बम-बम भोले के जयकारे गूंजे। शिवालयों में शिव भक्तों की भीड़ उमड़ी। शिवालयों में अल सवेरे से ही अभिषेक व शिव की विशेष पूजा अर्चना शुरू हुई। जो दिनभर जारी रही। लोगों ने शिव मंदिरों में शीश झुकाकर खुशहाली की कामना की। शिवालयों में दिनभर बम-बम भोले के जयकारे गूंजते रहे। जिला मुख्यालय पर सिरे मंदिर, भैरूनाथ अखाड़ा, मलकेश्वर महादेव, जबरनाथ महादेव, मंडलनाथ महादेव, हल्देश्वर महादेव, वागेश्वर महादेव, काशी विश्वनाथ, जागनाथ महादेव राजेंद्र नगर, बिशनगढ़ के कैलाशधाम, लेटा के जागनाथ महादेव, नारणावास के जागनाथ महादेव, सरूपपुरा महादेव समेत अन्य शिवालयों में दिनभर श्रद्धालुओं की भीड़ रही। लोगों ने शिव का अभिषेक कर पूजा अर्चना की। मंदिर में जलाभिषेक, दुग्धाभिषेक व अन्य अभिषेक से शिव को प्रसन्न किया गया।
सिरे मंदिर जाने के लिए अलसवेरे से कतार
जिला मुख्यालय पर सिरे मंदिर को लेकर शिव भक्तों में विशेष आस्था है। अलसवेरे चार बजे से ही शिव भक्त समूह के साथ पहाड़ी पर स्थित सिरे मंदिर में दर्शन के लिए चढऩे शुरू हो जाते है। सोमवार को यहां अलसवेरे से ही श्रद्धालुओं के चढऩे का सिलसिला शुरू हो गया था। सुबह श्रद्धालु भोले बाबा केे जयकारे लगाते हुए सिरे मंदिर की चढ़ाई कर रहे थे। सिरे मंदिर पर मंगला आरती में श्रद्धालुओंं की काफी भीड़ लगी रहती है।
जागनाथ महादेव के गूंजे जयकारे
निकटवर्ती नारणावास के पास स्थित जागनाथ महादेव मंदिर में भी सवेरे सवेरे श्रद्धालुओंं की भीड़ रही। लोग मित्रों के साथ यहां दर्शन के लिए पहुंचे। यहां लोगों ने शिवालय में दर्शन कर खुशहाली की कामना की। यहां का प्राकृतिक वातावरण श्रद्धालुओं को बरबस अपनी और आकर्षित कर देता है। सवेरे से ही मंदिर में दर्शनों के लिए श्रद्धालुओं की कतार लगी रही। इसी तरह लेटा के जागनाथ महादेव, भैंसवाड़ा के पिपलेश्वर महादेव, सरूपुरा महादेव , कैलाशधाम समेत अन्य शिवालयों में सवेरे से ही श्रद्धालुओं के पहुंचने का सिलसिला शुरू हो गया था। शिव मंदिरों में दिनभर शिव के जयकारे गूंजते रहे।