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40 लाख का बीमा क्लेम पाने रची मौत की झूठी कहानी, नदी में बह जाने का बनाया बहाना… ऐसे खुली पोल

Crime News: 40 लाख का बीमा क्लेम पाने युवक ने अपने मृत होने की झूठी कहानी गढ़ डाली। युवक ने नदी में कूदकर जान गवां देने की जानकारी पुलिस को दी।

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न्यायिक आदेश पर भेजा गया जेल (Photo source- Patrika)

न्यायिक आदेश पर भेजा गया जेल (Photo source- Patrika)

CG Crime News: 40 लाख का बीमा क्लेम पाने युवक ने अपने मृत होने की झूठी कहानी गढ़ डाली। युवक ने नदी में कूदकर जान गवां देने की जानकारी पुलिस को दी। जबकि वह नदी में कूदने के बजाए दिल्ली व अन्य शहर में घूमता रहा।

इधर युवक के पिता ने अपने पुत्र की नदी में बह जाने की झूठी रिपोर्ट भी लिखाई थी। इस आधार पर पुलिस चार दिन तक परेशान रही। जबकि युवक दिल्ली सहित अन्य शहरों में घूमता रहा। वहीं युवक को ढूंढने में एसडीआरएफ की टीम लगातार चार दिन तक परेशान थी। आखिरकार साइबर सेल की टीम ने युवक को बिलासपुर में धर दबोचा।

पुलिस के अनुसार 19 अगस्त को गुम इसान के पिता तिलक राम श्रीवास निवासी तनौद थाना शिवरीनारायण द्वारा थाना पामगढ़ पुलिस को सूचना दी कि इसके छोटे पुत्र कौशल श्रीवास उर्फ मोनू 21 जो बिना बिताए घर से शाम करीबन 7 बजे अपनी बाइक से घूमकर आता हूं कहकर अपने मां के मोबाईल को भी लेकर निकला था। जो रात्रि करीब 9 बजे गुम इंसान के भाई जागेश्वर श्रीवास को सूचना मिली कि तुम्हारे घर का मोटर सायकल एवं मोबाईल फोन शिवनाथ नदी के पूल पैसर घाट में मिला है। सायबर सेल द्वारा सभी तकनीकी संसाधन का उपयोग कर गुम इंसान की पतासाजी कर रही थी।

अज्ञात फोन से पुलिस को मिली मदद

23 अगस्त की शाम एक अज्ञात फोन नंबर से गुम इंसान के भाई के फोन पर कॉल आया जो अपने आप को कौशल श्रीवास होना बताया। जिस पर उक्त फोन की तस्दीक करने पर ज्ञात हुआ कि उक्त फोन को गुम इंसान द्वारा एक राहगीर से बिलासपुर रेलवे स्टेशन में बात करने के लिए मांग कर उपयोग किया था। जिस पर सायबर सेल एवं पामगढ़ पुलिस गुम इंसान को सकुशल तोरवा बिलासपुर से बरामद कर लिया। गुम इंसान कौशल श्रीवास द्वारा पुलिस व अपने परिवार गांव वालों को गुमराह करना पाया गया। इस कारण उसके खिलाफ कार्रवाई की जा रही।

लाखों रुपए के कर्ज में डूबा था पिता

गुम इंसान कौशल श्रीवास से पता चला कि उसके पिता का लाखों रुपए का कर्ज है। जिसे चुकाने में अक्षम होने से गुम इंसान परेशान रहता था। गुम इंसान का 40 लाख रुपए का बीमा था। घर की परेशानी सेे छुटकारा पाने के लिए गुम इंसान कौशल श्रीवास द्वारा योजना बनाकर अपने आप को मृत घोषित कर अपने बीमा राशि प्राप्त करने के लिए उपरोक्त घटना करना स्वीकार किया।